ITR Filing AY 2022-23 : एसेसमेंट ईयर 2022-23 या वित्त वर्ष 2021-22 का इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) फाइल करने की लास्ट डेट 31 जनवरी, 2022 है। ऐसे में कुछ लोगों के मन में सवाल उठता होगा कि सालाना 2.5 लाख रुपये से कम आय होने पर क्या आईटीआर फाइल करने की जरूरत है? अगर कर योग्य इनकम तय सीमा से कम हो तब भी हर सैलरीड व्यक्ति को आईटीआर फाइल करना चाहिए।
क्या कहता है पुराना इनकम टैक्स रेजीम
पुराने इनकम टैक्स रेजीम में, 60 साल से कम उम्र के टैक्सपेयर्स के लिए टैक्स छूट की सीमा 2.50 लाख रुपये तय की गई है। वहीं सीनियर सिटीजन यानी 60 से 80 वर्ष तक की उम्र के लोगों के लिए बेसिक छूट सीमा 3 लाख रुपये है। 80 साल से ज्यादा उम्र पर टैक्स छूट की सीमा 5 लाख रुपये है। हालांकि एक्सपर्ट्स का मानना है कि विभिन्न वजहों से सभी टैक्सपेयर्स को आईटीआर फाइल करना चाहिए।
तय सीमा से कम इनकम होने पर भी क्यों भरना चाहिए ITR?
Tax2Win के सीईओ और कोफाउंडर अभिषेक सोनी ने कहा, यदि किसी व्यक्ति की इनकम टैक्स ब्रेकट से बाहर हो तो भी इनकम टैक्स रिटर्न भरने के कई फायदे हैं। एक आईटीआर का खासा कानूनी महत्व है, क्योंकि यह कानूनी पहचान, आय का प्रूफ, एक अहम दस्तावेज का काम करता है। यह लोन के लिए आवेदन करते समय काम आता है। इससे डिडक्शन क्लेम करने में मदद मिल सकती है। साथ ही इसके कई अन्य फायदे भी हैं।
इसके अलावा इम्प्लॉयर्स द्वारा जमा टीडीएस का रिफंड क्लेम करने के लिए आईटीआर भरना जरूरी है।
इस स्थिति में जरूरी है आईटीआर फाइल करना
सीबीडीटी द्वारा 21 अप्रैल, 2022 को जारी एक नोटिफिकेशन- इनकम टैक्स (नौवां संशोधन) नियम, 2022 में कुछ अतिरिक्त शर्तों का उल्लेख किया गया, जहां बेसिक छूट सीमा से कम आय पर भी आईटीआर भरना अनिवार्य है। ये हैं चार शर्तें...
- यदि पिछले साल के दौरान आपकी बिजनेस में कुल सेल्स या कुल प्राप्तियां 60 लाख रुपये से ज्यादा हों।
- यदि पिछले साल के दौरान प्रोफेशन से आपकी कुल प्राप्तियां 10 लाख रुपये से ज्यादा हों।
- यदि साल के दौरान आपका टीडीएस या टीसीएस 25,000 रुपये या उससे ज्यादा हो।आपको टीडीएस या रिफंड के लिए क्लेम करना होगा। सीनियर सिटीजंस पर यह नियम तब लागू होगा जब वित्त वर्ष में टीडीएस 50,000 रुपये या उससे ज्यादा हो।
- यदि एक या ज्यादा सेविंग अकाउंट्स में आपने 50 लाख या करेंट अकाउंट में 1 करोड़ रुपये से ज्यादा रकम जमा की हो।