बीएसई का प्रमुख सूचकांक बीएसई 75,000 प्वाइंट्स के मनोवैज्ञानिक लेवल के आसपास बना हुआ है। गोल्ड की कीमत रिकॉर्ड ऊंचाई पर है। इस साल इंटरेस्ट रेट्स में कमी के आसार हैं। ऐसा होने पर बॉन्ड्स को मजबूती मिलेगी। इधर, म्यूचुअल फंड की स्कीम में एसआईपी के जरिए पैसे लगाने वाले निवेशकों को पिछले तीन साल में अच्छा रिस्क-एडजस्टेड रिटर्न मिला है। लेकिन, आगे स्टॉक मार्केट में उतार-चढ़ाव की संभावना को देखते हुए कई इनवेस्टर्स फिक्रमंद हैं। इस उतारचढ़ाव की वजह घरेलू और वैश्विक दोनों हो सकती हैं। इनमें लोकसभा चुनावों के नतीजे, मिडिलईस्ट में जारी तनाव और इंटरेस्ट रेट्स को लेकर फेडरल रिजर्व का रुख शामिल हैं। ऐसे में इनवेस्टमेंट पोर्टफोलियो का डायवर्सिफिकेशन जरूरी है। इसके लिए इनवेस्टर्स निफ्टी लार्जकैपमिडकैप 250 इंडेक्स फंड में निवेश के बारे में सोच सकते हैं।
