IPL 2026 Playoffs Scenario: आईपीएल 2026 का कारवां अब धीरे-धीरे अपने प्लेऑफ की ओर बढ़ रहा है। आईपीएल 2026 में 10 टीमों में से 2 टीमों का प्लेऑफ का सफर खत्म हो गया है। वहीं अब 8 टीमों के बीच प्लेऑफ की रेस बनी हुई है। बेंगलुरु ने मुंबई को आखिरी ओवर हराकर मुकाबला अपने नाम किया और प्वाइंट्स टेबल में पहले स्थान पर पहुंच गई है। इस हार के बाद मुंबई इंडियंस और लखनऊ सुपर जायंट्स की प्लेऑफ में पहुंचने की उम्मीदें खत्म हो गईं। अभी भी टॉप-4 में जगह बनाने के लिए आठ टीमें मुकाबले में बनी हुई हैं। आइए जानते हैं कौन सी टीम प्लेऑफ की रेस में बनी हुई है।
रजत पाटीदार की कप्तानी वाली रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु को प्लेऑफ में जगह पक्की करने के लिए अब सिर्फ एक मैच जीतना है। टीम ने 11 मैचों में 14 अंक हासिल किए हैं और उसका नेट रन रेट +1.103 है। आमतौर पर 16 अंक प्लेऑफ में पहुंचने के लिए काफी होते हैं। लेकिन बेंगलुरु की नजर सिर्फ प्लेऑफ पर नहीं, बल्कि टॉप-2 में जगह बनाने पर भी है। अगर टीम अपने बाकी सभी मैच जीत लेती है, तो उसे क्वालिफायर-1 खेलने का मौका मिलेगा, जिससे फाइनल में पहुंचने के लिए उसके पास दो मौके रहेंगे।
सनराइजर्स हैदराबाद के भी 14 अंक हैं, लेकिन नेट रन रेट ( +0.737) कम होने की वजह से टीम रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु से पीछे है। प्लेऑफ में जगह पक्की करने के लिए हैदराबाद को अपने बचे हुए तीन मैचों में से दो जीतने होंगे। 22 मई को बेंगलुरु के खिलाफ होने वाला मुकाबला बहुत अहम होगा, क्योंकि इसी मैच से तय हो सकता है कि क्वालिफायर-1 में कौन पहुंचेगा।
आईपीएल 2026 में गुजरात टाइटंस के पास भी 14 अंक हैं, लेकिन नेट रन रेट (+0.228) कम होने की वजह से टीम आरसीबी से पीछे है। प्लेऑफ में अपनी जगह मजबूत करने के लिए गुजरात को कम से कम दो और मैच जीतने होंगे। 12 मई को सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ होने वाला मुकाबला टीम के लिए बहुत अहम माना जा रहा है।
पंजाब किंग्स इस समय अच्छी स्थिति में है। टीम ने अब तक 10 मैच खेले हैं और उसके खाते में पहले से 13 अंक मौजूद हैं। पंजाब के पास अभी चार मैच बाकी हैं और अगर टीम इनमें से दो जीत लेती है, तो उसके 17 अंक हो जाएंगे। आमतौर पर इतने अंक प्लेऑफ में पहुंचने के लिए काफी माने जाते हैं।
पांच बार की चैंपियन चेन्नई सुपर किंग्स के लिए हालात थोड़े मुश्किल हैं। टीम को प्लेऑफ की उम्मीद बनाए रखने के लिए अपने बचे हुए तीन मैचों में से कम से कम दो जीतने होंगे। हालांकि, टीम का नेट रन रेट +0.185 ज्यादा अच्छा नहीं है, इसलिए चेन्नई की कोशिश बाकी सभी मैच जीतने की होगी।
आईपीएल 2026 में राजस्थान रॉयल्स के भी 12 अंक हैं और टीम की स्थिति चेन्नई सुपर किंग्स जैसी ही है। प्लेऑफ की रेस में बने रहने के लिए राजस्थान को भी कम से कम दो मैच जीतने होंगे। लगातार हार की वजह से टीम का नेट रन रेट (+0.082) भी कमजोर है। ऐसे में चौथे स्थान के लिए राजस्थान और चेन्नई के बीच कड़ी टक्कर हो सकती है।
कोलकाता नाइट राइडर्स के लिए प्लेऑफ का रास्ता काफी मुश्किल है। कोलकाता को 17 अंक तक पहुंचने के लिए अपने बचे हुए सभी चार मुकाबले जीतने होंगे। अगर एक भी मैच हारती है, तो उसे दूसरी टीमों के नतीजों पर निर्भर रहना पड़ेगा। ऐसे में कोलकाता नाइट राइडर्स को चेन्नई सुपर किंग्स और राजस्थान रॉयल्स जैसी टीमों के प्रदर्शन का भी इंतजार करना पड़ सकता है।
दिल्ली कैपिटल्स की प्लेऑफ में पहुंचने की उम्मीदें अभी पूरी तरह खत्म नहीं हुई हैं। पर दिल्ली की राह बेहद मुश्किल हो गई है। दिल्ली को 14 अंक तक पहुंचने के लिए अपने बचे हुए सभी मैच जीतने होंगे। इसके साथ ही टीम को दूसरे मुकाबलों के नतीजों पर भी निर्भर रहना पड़ेगा। दिल्ली का नेट रन रेट -1.154 है, जो इस समय लीग में सबसे खराब है। ऐसे में सिर्फ जीत हासिल करना ही काफी नहीं होगा, बल्कि टीम को बड़े अंतर से मैच जीतने की भी जरूरत पड़ेगी, ताकि उसका नेट रन रेट बेहतर हो सके और प्लेऑफ की उम्मीद बनी रहे।
आईपीएल से बाहर हुई ये टीमें
आईपीएल 2026 में रायपुर में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु की जीत के बाद मुंबई इंडियंस और लखनऊ सुपर जायंट्स दोनों की प्लेऑफ में पहुंचने की उम्मीदें खत्म हो गईं। दोनों टीमें अब आधिकारिक तौर पर आईपीएल 2026 की प्लेऑफ रेस से बाहर हो चुकी हैं। लखनऊ सुपर जायंट्स को रविवार को चेन्नई सुपर किंग्स के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा था, जिसके बाद टीम की स्थिति मुंबई इंडियंस जैसी हो गई। अब इस सीजन में मुंबई और लखनऊ के लिए आगे बढ़ने का कोई मौका नहीं बचा है।