'बमबारी से ज्यादा असरदार है घेराबंदी, डील की नहीं है कोई जल्दी', ट्रंप बोले- अनिश्चितकाल के लिए बढ़ाया गया है सीजफायर

Trump Iran Negotiations: ट्रंप ने कहा, 'ईरान के नेता बमबारी से उतना नहीं डरते जितना घेराबंदी से डरते हैं। उन पर सालों से बम गिर रहे हैं, लेकिन घेराबंदी से उन्हें नफरत है।' उन्होंने चेतावनी दी कि अगर ईरान के तेल के कुएं एक बार बंद हो गए, तो वे हमेशा के लिए खत्म हो सकते हैं

अपडेटेड Apr 23, 2026 पर 8:20 AM
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ट्रंप ने कहा- मेरा ध्यान केवल अमेरिकी लोगों के लिए एक 'अच्छी डील' हासिल करने पर है

Donald Trump: मिडिल ईस्ट में जारी तनाव के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर अपना रुख साफ कर दिया है। 'फॉक्स न्यूज' को दिए एक इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा कि ईरान के साथ बातचीत शुरू करने के लिए उन पर 'समय का कोई दबाव' नहीं है। ट्रंप के इस बयान ने उन अटकलों पर विराम लगा दिया है जिनमें कहा जा रहा था कि अमेरिकी चुनावों के कारण वे जल्द ही कोई समझौता कर सकते हैं।

'घेराबंदी से ज्यादा डरता है ईरान'

ट्रंप ने अपनी रणनीति का खुलासा करते हुए कहा कि ईरान पर सैन्य हमले से ज्यादा प्रभावी 'आर्थिक और समुद्री घेराबंदी' साबित हो रही है। ट्रंप ने कहा, 'ईरान के नेता बमबारी से उतना नहीं डरते जितना घेराबंदी से डरते हैं। उन पर सालों से बम गिर रहे हैं, लेकिन घेराबंदी से उन्हें नफरत है।' उन्होंने चेतावनी दी कि अगर ईरान के तेल के कुएं एक बार बंद हो गए, तो वे हमेशा के लिए खत्म हो सकते हैं, जिससे ईरान की अर्थव्यवस्था कभी उबर नहीं पाएगी।


चुनाव के लिए 'जल्दबाजी' की खबरों को नकारा

मिड टर्म चुनावों को लेकर उठ रहे सवालों पर ट्रंप ने दो टूक जवाब दिया। उन्होंने कहा, 'लोग कह रहे हैं कि मैं चुनावों के कारण इसे जल्दी खत्म करना चाहता हूं, यह सच नहीं है। मेरा ध्यान केवल अमेरिकी लोगों के लिए एक 'अच्छी डील' हासिल करने पर है।' ट्रंप ने उन खबरों को 'फर्जी' बताया जिनमें कहा गया था कि सीजफायर के लिए केवल 3 से 5 दिन की खिड़की बची है। उन्होंने कहा कि सीजफायर को अनिश्चितकाल के लिए बढ़ाया गया है।

बुधवार को ईरान द्वारा जहाजों पर की गई फायरिंग और जब्ती की घटनाओं पर ट्रंप ने कहा कि जिन जहाजों को निशाना बनाया गया, वे अमेरिकी नहीं थे। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि अमेरिका स्थिति पर करीब से नजर रख रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि ईरान 'होर्मुज की खाड़ी' पर नियंत्रण कर तेल की कीमतों को बढ़ाना चाहता है ताकि दुनिया भर में आर्थिक दबाव बनाया जा सके।

कूटनीतिक गतिरोध बरकरार

ट्रंप ने ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची को 'स्मार्ट आदमी' बताया, लेकिन दोनों देशों के बीच भरोसे की भारी कमी है। पाकिस्तान में होने वाली दूसरे दौर की बातचीत फिलहाल टल गई है क्योंकि ईरान ने इसमें शामिल होने की पुष्टि नहीं की। रिपब्लिकन सीनेटर लिंडसे ग्राहम ने संकेत दिया है कि ईरान की यह घेराबंदी जल्द ही वैश्विक रूप ले सकती है, जिससे ईरान पूरी दुनिया से कट जाएगा।

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