अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से दुनिया भर से इंपोर्ट पर लगाए गए भारी भरकम टैरिफ से शैंपेन, परमेसन और फेरारी की कीमतों में बढ़ोतरी की बात कही गई। लेकिन अमेरिकियों की जेब पर टैरिफ का असर लग्जरी कारों और स्पेशलिस्ट फूड जैसी चीजों तक ही सीमित नहीं है, बल्कि इससे कहीं आगे है। शनिवार से 10 प्रतिशत का बेस टैरिफ लागू हो गया है। अब सुपरमार्केट के रोजाना इस्तेमाल होने वाले सामान से लेकर जूतों, ब्यूटी प्रोडक्ट्स से लेकर सेक्स टॉयज तक हर चीज के मैन्युफैक्चरर्स और सप्लायर्स को यह पता लगाना होगा कि इस अतिरिक्त लागत का कितना हिस्सा ग्राहकों पर डालना है।
