बुरहानपुर जिले के किसान परंपरागत फसलों जैसे केला, कपास और गन्ना पर अधिक निर्भर हैं, जो वर्षों से उनके आमदनी का मुख्य स्रोत रहे हैं। लेकिन आज की बदलती परिस्थितियों में इन फसलों में लागत अधिक और मुनाफा अपेक्षाकृत कम हो रहा है, जिससे किसानों की मेहनत पूरी तरह लाभकारी नहीं रह पाती। ऐसे में सब्जी की खेती एक प्रभावी और लाभदायक विकल्प के रूप में सामने आती है। खासतौर पर ठंड के मौसम में तरबूज, भिंडी और मटर जैसी फसलें कम समय में तैयार हो जाती हैं और किसानों को जल्दी और अच्छी आमदनी देती हैं।
एक एकड़ में इन फसलों की खेती करने में लगभग 10,000 रुपये का खर्च आता है, जबकि अच्छे उत्पादन की स्थिति में 2 से 3 लाख रुपये तक कमाई की जा सकती है। कम लागत, कम समय और उच्च लाभ वाली यह खेती किसानों के लिए आर्थिक रूप से सहायक और फायदेमंद साबित होती है।
ठंड के मौसम में करें तरबूज, भिंडी और मटर की खेती
कृषि विशेषज्ञ सदु गुप्ता के मुताबिक, ठंड के दिनों में तरबूज, भिंडी और मटर की खेती बेहद फायदेमंद रहती है। जनवरी के महीने में इन फसलों की बुवाई आसानी से की जा सकती है। एक एकड़ जमीन में इन सब्जियों की खेती करने पर करीब 10 हजार रुपये का खर्च आता है।
45 से 60 दिन में तैयार, 2 से 3 लाख तक कमाई
इन सब्जियों की सबसे बड़ी खासियत यह है कि ये 45 से 60 दिनों में तैयार हो जाती हैं। अगर उत्पादन अच्छा रहा तो किसान एक एकड़ से 2 से 3 लाख रुपये तक कमा सकते हैं। कम समय में फसल तैयार होने से रोजाना आमदनी का रास्ता भी खुल जाता है।
तीन बार स्प्रे जरूरी, फसल रहेगी सुरक्षित
फसलों को रोग और फंगस से बचाने के लिए तीन बार कीटनाशक दवा का छिड़काव जरूरी होता है। समय पर स्प्रे करने से फसल खराब नहीं होती और उत्पादन भी बेहतर मिलता है। ड्रिप सिंचाई अपनाने से पैदावार और बढ़ सकती है।
विशेषज्ञों की सलाह से बढ़ेगा उत्पादन
अगर किसान समय-समय पर कृषि वैज्ञानिकों की सलाह लेते रहें और नई तकनीकों को अपनाएं, तो सब्जी की खेती उन्हें कम लागत में ज्यादा मुनाफा दिलाने वाला धंधा बन सकती है।