पिछले साल लोकसभा चुनावों की वजह से कैपिटल गुड्स इंडस्ट्री को मुश्किल का सामना करना पड़ा था। उसे उम्मीद है कि सरकार यूनियन बजट में पूंजीगत खर्च बढ़ाने का ऐलान करेगी। पिछले साल बजट में सरकार ने कैपिटर एक्सपेंडिंचर के लिए 11.11 लाख करोड़ रुपये का टारगेट तय किया था। यह जीडीपी का करीब 3.4 फीसदी है। लेकिन, लोकसभा चुनावों की वजह से सरकार का खर्च अनुमान से कम रहा। इसका असर कैपिटल गुंड्स इडस्ट्री पर पड़ा।
