Heatwave Advisory : फैक्ट्री वर्करों,मजदूरों और कामगारों को हीट वेव से बचाने के लिए श्रम मंत्रालय ने सभी राज्यों को एडवाइजरी जारी की है। मंत्रालय ने इन्हें हीट स्ट्रोक से बचाने के लिए वर्क ब्रेक देने और दूसरे इंतजाम करने की भी सलाह दी है। ज्यादा डिटेल के साथ सीएनबीसी-आवाज के असीम मनचंदा ने कहा कि इस समय पूरे देश में गर्मी का पारा हाई है। सभी राज्यों में भीड़ण गर्मी की मार देखने को मिल रही है। कई राज्यों में तापमान 40 डिग्री के पार चला गया है और राज्यों में तो ये 45 डिग्री के भी पार चला गया है। इसमें सबसे ज्यादा नुकसान उन लोगों का होता है जो धूप में काम करते हैं। इस कंस्ट्रक्शन वर्कर, फैक्ट्री वर्कर और मजदूर शामिल हैं। इनके बाहर धूप में काम करना पड़ता है।
लेबर मिनिस्ट्री ने जारी की एडवाइजरी
इनको हीटस्ट्रोक का बहुत ज्यादा खतरा रहता है। ऐसे में लेबर मिनिस्ट्री ने एक एडवाइजरी जारी की है। जिसमें सभी राज्यों से कहा गया है कि वे इसके लिए दी गई सभी गाइडलाइंस का पालन सुनिश्चित करें। खासतौर पर वर्कस को बीच-बीच में ब्रेक दिया जाए। उनको पानी के लिए ब्रेक देते समय उनको यह भी याद दिलाया जाए की बीच-बीच में पानी पीते रहना जरूरी है। 12 से 4 बजे की बीच कड़ी धूप होती है। इस दौरान इनको ब्रेक दिया जाय। इसकी जगह इनसे सुबह या शाम को काम लिया जाए। काम के घंटे बदलने और ज्यादा मजदूरों में काम बांटने की भी सलाह दी गई है।
बर्फ पैक और ओआरएस का इंतजाम करने के निर्देश
फैक्ट्री के अंदर दूसरे इंतजाम भी किए जाएं। बर्फ पैक और ओआरएस का इंतजाम किया जाए। श्रमिकों के बेठने के लिए छायादार जगह का इंतजाम होना चाहिए। फैक्ट्री वर्करों को हीटवेव से बचाने के लिए ये छोटे-छोटे उपाय हैं जिनको किए जाने की सलाह दी गई है।
कई राज्यों में हीटवेव का अलर्ट जारी
बता दें कि भारतीय मौसम विभाग (IMD) की तरफ से कई राज्यों में हीटवेव (लू) का अलर्ट जारी किया गया है। जिन राज्यों में भारी हीटवेव का अलर्ट जारी किया गया है उनमें उत्तर भारत के पंजाब,हरियाणा,दिल्ली,राजस्थान,उत्तर प्रदेश,मध्य प्रदेश,बिहार और ओडिशा शामिल हैं। दिल्ली में इस साल का सबसे ज्यादा तापमान 42.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। यह सामान्य से काफी ज्यादा है। दिल्ली,हरियाणा और ओडिशा में रात के तापमान भी असामान्य रूप से ऊंचे बने हुए हैं। मौसम विभाग की तरफ से अनुमान जताया गया कि जून तक पूर्वी,मध्य और उत्तर-पश्चिम भारत के कुछ हिस्सों में सामान्य से ज्यादा हीटवेव के दिन रह सकते हैं।