'राहुल गांधी की सांसदी रद्द हो, जीवन भर चुनाव लड़ने पर भी लगे रोक' बीजेपी सांसद निशिकांत दुबे ने लोकसभा में पेश किया प्रस्ताव

यह कार्रवाई कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता विपक्ष के उस भाषण के एक दिन बाद हुई, जिसमें उन्होंने भारत-अमेरिका व्यापार समझौते और केंद्रीय बजट पर निशाना साधा था। बुधवार को अपने भाषण में गांधी ने भू-राजनीतिक तनाव, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और अमेरिका के साथ व्यापार समझौते जैसे मुद्दों पर बात की

अपडेटेड Feb 12, 2026 पर 12:30 PM
  • Follow Us On Google
  • Add as a Preferred Source on Google
BJP ने लोकसभा में नोटिस देकर मांग की है कि राहुल गांधी की सांसदी रद्द हो

बीजेपी सांसद निशिकांत दुबे ने कहा कि विपक्ष के नेता राहुल गांधी के खिलाफ विशेषाधिकार प्रस्ताव लाने की कोई योजना नहीं है। हालांकि, उन्होंने राहुल गांधी की भारतीय संसद की सदस्यता निलंबित करने की मांग की है और गुरुवार को उनके खिलाफ एक महत्वपूर्ण प्रस्ताव पेश किया है। दुबे ने कहा, “कोई विशेषाधिकार प्रस्ताव नहीं है। मैंने एक ठोस प्रस्ताव पेश किया है, जिसमें मैंने जिक्र किया है कि वह कथित तौर पर सोरोस फाउंडेशन, फोर्ड फाउंडेशन, USAID के साथ कैसे जुड़े हुए हैं और थाईलैंड, कंबोडिया, वियतनाम और अमेरिका जैसे स्थानों की यात्रा करते हैं, और वह भारत विरोधी ताकतों से कैसे संबंधित हैं।”

भाजपा सांसद ने मांग की कि राहुल गांधी की सदस्यता रद्द की जाए और उन पर जीवन भर चुनाव लड़ने की भी रोक लगाई जाए। दुबे ने राहुल गांधी के भाषण का हवाला देते हुए आरोप लगाया है कि कांग्रेस सांसद ने बुधवार को निराधार आरोप लगाए हैं।

सब्स्टैंटिव मोशन क्या होता है?


सब्स्टैंटिव मोशन एक औपचारिक प्रस्ताव होता है, जैसे अविश्वास प्रस्ताव या महाभियोग (इम्पीचमेंट) के लिए। यह किसी ऐसे व्यक्ति के खिलाफ लाया जाता है, जो किसी बड़े या आधिकारिक पद पर हो।

इस प्रस्ताव को सदन में पेश किया जाता है और पहले इस बात पर चर्चा होती है कि इसे स्वीकार किया जाए या नहीं। जो सदस्य यह प्रस्ताव लाता है, उसे अपने आरोपों और कारणों को स्पष्ट रूप से साबित करना पड़ता है।

यह कार्रवाई कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता विपक्ष के उस भाषण के एक दिन बाद हुई, जिसमें उन्होंने भारत-अमेरिका व्यापार समझौते और केंद्रीय बजट पर निशाना साधा था।

बुधवार को अपने भाषण में गांधी ने भू-राजनीतिक तनाव, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और अमेरिका के साथ व्यापार समझौते जैसे मुद्दों पर बात की। उनका यह भाषण ऐसे समय में आया, जब विपक्ष कई दिनों से इस बात को लेकर विरोध कर रहा था कि उन्हें बोलने नहीं दिया जा रहा, खासकर तब जब उन्होंने पूर्व सेना प्रमुख जनरल एमएम नरवणे की अप्रकाशित किताब का जिक्र किया था।

विपक्षी सांसद गुरुवार को भी व्यापार समझौते में कथित "जनविरोधी प्रावधानों" के खिलाफ और किसानों के समर्थन में मकर द्वार के बाहर विरोध प्रदर्शन जारी रखेंगे।

Nirmala Sitharaman: 'कांग्रेस ने देश को बेचा, भारत के हितों का त्याग किया' निर्मला सीतारमण ने कांग्रेस पर साधा निशाना

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।