यूनियन बजट से पहले फर्टिलाइजर कंपनियों के शेयरों में तेजी दिखी है। मार्केट की नजरें बजट में फर्टिलाइजर सब्सिडी के लिए एलोकेशन और इसके इंपोर्ट में कमी लाने के उपायों पर लगी हैं। रॉ मैटेरियल की कीमतें घटने की वजह से निवेशकों को फर्टिलाइजर्स सब्सिडी के लिए ऐलोकेशन बढ़ने की उम्मीद नहीं है। यह माना जा रहा है कि वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण अंतरिम बजट के ऐलोकेशन में बदलाव नहीं करेंगी। 1 फरवरी को पेश अंतरिम बजट में फाइनेंशियल ईयर 2024-25 के लिए फर्टिलाइजर सब्सिडी के लिए 1.64 लाख करोड़ रुपये का ऐलोकेशन किया गया था। यह एक साल पहले के 1.89 लाख करोड़ रुपये के ऐलोकेशन से कम है।
फर्टिलाइजर के इंपोर्ट पर निर्भरता घटाने पर रहेगा फोकस
Axis Securities ने अपनी रिपोर्ट में लिखा है, "बजट में FY25 के लिए किया गया ऐलोकेशन पर्याप्त लगता है, क्योंकि इनपुट कॉस्ट्स और फिनिश्ड प्रोडक्ट्स की कीमतों में नरमी आई है। FY24 के मुकाबले सब्सिडी पर खर्च घटने से सरकार को दूसरे क्षेत्रों के लिए ऐलोकेशन बढ़ाने के मौके मिलेंगे। इसलिए उम्मीद है कि सरकार का फोकस फर्टिलाइजर्स (Fertiliser) का इंपोर्ट घटाने पर बना रहेगा। साथ ही सरकार नैनो यूरिया जैसी नई पहल के जरिए अपनी क्षमता बढ़ाने की कोशिश करेगी।"
सब्सिडी के ऐलोकेशन बढ़ने का असर स्टॉक्स पर दिखेगा
विदेशी ब्रोकरेज Nuvama ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि अगर सरकार सब्सिडी के लिए ऐलोकेशन बढ़ाती है तो इससे फर्टिलाइजर कंपनियों के शेयरों में तेजी दिख सकती है। सब्सिडी बढ़ने से प्रोडक्शन कॉस्ट घटेगी और कीमतों में स्थिरता आएगी। इससे फर्टिलाइजर कंपनियों का प्रॉफिट मार्जिन बढ़ेगा। इसके अलावा सब्सिडी की वजह से बाजार में कीमतों में उतारचढ़ाव घटता है।
सप्लाई में बाधा से कीमतें बढ़ीं
बजट में रबी फसलों के लिए सब्सिडी में भी संसोधन की उम्मीद है। पिछले साल अक्टूबर में सरकार ने नाइट्रोजन, फॉस्फोरस और पोटैशियम फर्टिलाइजर्स (NPK) की सब्सिडी 2023-24 की रबी फसलों के लिए घटाई थी। इसकी वजह अंतरराष्ट्रीय कीमतों में नरमी थी। लेकिन, उसके बाद से कॉस्ट बढ़ी है, जिससे नोमुरा को सब्सिडी बढ़ने की उम्मीद है। रॉ मैटेरियल की कीमतों में नरमी के बावजूद लाल सागर (Red Sea) के रास्ते सप्लाई में बाधा की वजह से NPK की सीमित रही है, जिसका असर अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतों पर पड़ा है।
इन कंपनियों के शेयरों में उछाल
FACT, Chambal Fertilisers, Deepak Fertilisers और कोरोमंडल इंटरनेशनल के शेयरों की कीमतों में पिछले छह महीनों में 17-45 फीसदी की तेजी आई है। एक्सिस सिक्योरिटीज का मानना है कि FACT और कोरोमंडल इंटरनेशनल को इस सेक्टर पर सरकार के फोकस का सबसे ज्यादा फायदा मिलेगा। इसके अलावा फर्टिलाइजर कंपनियों के लिए सरकार के ऐलान का असर दीपक फर्टिलाइजर्स, चंबल फर्टिलाइजर्स, गुजरात स्टेट फर्टिलाइजर्स और जुआरी एग्रो केमिकल्स के शेयरों पर भी दिश सकता है।