क्या सिर्फ एक ऐप पर बैन से बिगड़ सकते हैं इंडिया-सिंगापुर के रिश्ते? जानिए पूरा मामला

बैन लगने के बाद Sea Ltd के शेयरों में बड़ी गिरावट आई। इस पर बैन लगने के बाद सिर्फ एक दिन में इसके निवेशकों के 16 अरब डॉलर डूब गए। ध्यान देने वाली बात है कि इस कंपनी के गेमिंग रेवेन्यू में इंडिया की हिस्सेदारी सिर्फ 2.6 फीसदी है

अपडेटेड Mar 03, 2022 पर 11:13 AM
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Free Fire एक बैटलग्राउंड सर्वाइवल गेम है। सिंगापुर की कंपनी Sea Ltd ने इसे बनाया है। वह इसका मार्केटिंग भी करती है।

साल 2021 में करीब 1.6 करोड़ इंडियंस रोजाना युद्ध के मैदान में उतरे। उन्होंने दुश्मन के खिलाफ जमकर हथियारों का इस्तेमाल किया। अच्छी बात यह है कि यह सब वर्चुअल वर्ल्ड में हुआ। हम बात कर रहे हैं 'Free Fire'की। फ्री फायर एक गेमिंग ऐप है। अगर आपने फ्री फायर का इस्तेमाल नहीं किया है तो हम आपको बता दें कि यह एक बैटलग्राउंड सर्वाइवल गेम है। सिंगापुर की कंपनी Sea Ltd ने इसे बनाया है। वह इसका मार्केटिंग भी करती है।

इंडिया में यूजर्स को खूब पसंद आया फ्री फायर

2020 में इंडिया में फ्री फायर की पॉपुलरिटी खूब बढ़ी। इसकी वजह चीन के एप्स पर सरकार का प्रतिबंध लगाने का फैसला था। सरकार ने PUBG सहित चीन के कई एप पर बैन लगा दिए। पबजी भी एक गेमिंग है। यह फ्री फायर का प्रतिद्वंद्वी है। पबजी पर बैन लग जाने से इंडिया में लोग एक दूसरे गेमिंग एप की तलाश में थे। इसका फायदा फ्री फायर को मिला।


बहुत कम समय में फ्री फायर की लोकप्रियता इंडिया में काफी बढ़ गई। दुनियाभर में इसके एक्टिव यूजर्स में इंडियंस की हिस्सेदारी 10 फीसदी पहुंच गई। इस गेम में बॉलीवुड एक्टर ऋतिक रोशन की एंट्री हुई। इससे इंडिया में इस गेम की लोकप्रियता का अंदाजा आप लगा सकते हैं।

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फरवरी ने सरकार ने एप पर लगाया बैन

फरवरी में इंडिया में अचानक फ्री फायर की बढ़ती रफ्तार पर ब्रेक लग गया। सरकार ने इस गेम पर बैन लगा दिया। इस बैन ने इंडिया में इसके गेम के यूजर्स का दिल तोड़ दिया। साथ ही इससे Sea Ltd और सिंगापुर की सरकार को झटका लगा। इस गेम के यूजर्स को लगे झटका का तो आसानी से अंदाजा लगाया जा सकता है। यह एक शानदार गेम है। इसे खेलने पर आप थोड़ा पैसा भी बना सकते हैं। उदाहरण के लिए इंडिया में होने वाले एक टूर्नामेंट के लिए 1 करोड़ रुपये का प्राइज पूल रखा गया था। पुराने यूजर्स तो इस गेम को अब भी खेल सकते हैं। लेकिन नए यूजर्स को इसका एक्सेस नहीं मिलेगा।

बैन से कंपनी के शेयरों में तेज गिरावट

Sea Ltd के शेयरों में बड़ी गिरावट आई है। इस पर बैन लगने के बाद सिर्फ एक दिन में इसके निवेशकों के 16 अरब डॉलर डूब गए। ध्यान देने वाली बात है कि इस कंपनी के गेमिंग रेवेन्यू में इंडिया की हिस्सेदारी सिर्फ 2.6 फीसदी है। इंडिया में बैन लगने से इनवेस्टर्स के सेंटिमेंट पर काफी असर पड़ा। लेकिन, दूसरी वजहें भी है, जिससे इसके शेयर में बड़ी गिरावट आई।

Sea Ltd सिंगापुर की सबसे बड़ी टेक्नोलॉजी कंपनी है। यह कंपनी सिर्फ गेम नहीं बनाती है बल्कि यह दूसरे भी अहम बिजनेसेज में है। सोशल कॉमर्स कंपनी Shopee और फाइनेंशिय सर्विस डिविजन SeaMoney पर भी इसका नियंत्रण है। इसके सीईओ फोरेस्ट ली सिंगापुर इकोनॉमिक डेवलपमेंट बोर्ड के सदस्य हैं।

इंडिया ने क्यों Sea Ltd पर बैन लगाया?

भारत में सरकार ने सिर्फ Sea Ltd पर बैन नहीं लगाया। सरकार ने ऐसे 54 एप भी बैन लगाए, जिनका संबंध चीन से है। तो क्या Free Fire का कनेक्शन चीन से है? इस सवाल का जवाब हां है। फोरेस्ट ली का जन्म चीन में हुआ था। हालांकि, वह सिंगापुर के नागरिक हैं। लेकिन, मुश्किल इस बात से है कि चीन की सोशल मीडिया कंपनी टेनसेंट होल्डिंग्स Sea Ltd की सबसे बड़ी शेयरहोल्डर है।

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