केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी (Nitin Gadkari) ने शुक्रवार को भरोसा जताया कि जल्द ही भारत में क्रूज जहाजों का निर्माण होने लगेगा। नई दिल्ली में आयोजित 'ग्रीन भारत शिखर सम्मेलन' में बोलते हुए गडकरी ने कहा कि वह कोचीन शिपयार्ड (Cochin Shipyard) से "भारत में क्रूज जहाज बनाने" के लिए कहेंगे। केंद्रीय मंत्री ने देश भर में जलमार्गों के विस्तार के बारे में भी विस्तार से बात की। गडकरी ने कहा कि केंद्र ने बांग्लादेश में भी जलमार्गों का विस्तार किया है।
केंद्रीय मंत्री ने कार्यक्रम में कहा, "अंतर्देशीय जलमार्ग विस्तार परियोजना के हिस्से के रूप में, सरकार ने बांग्लादेश में भी अंतर्देशीय जलमार्ग बनाए हैं।" इन जलमार्गों का इस्तेमाल एक देश से दूसरे देश में सामानों की आवाजाही में हो सकता है।
इससे पहले, नितिन गडकरी ने भारत में बढ़ते प्रदूषण के मुद्दे पर बात की। गडकरी ने कहा कि देश के लगभग 40% प्रदूषण का कारण ट्रांसपोर्ट इंडस्ट्री है। उन्होंने यह भी कहा कि केंद्र सरकार प्रदूषण से जुड़े के खतरों को कम करने के लिए कई उपायों पर विचार कर रही है।
गडकरी की ओर से क्रूज जहाजों के भारत में बनाने का बयान ऐसे समय में आया है, जब केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कुछ महीने पहले में भारत में कारोबार करने वाली शिपिंग कंपनियों के लिए टैक्स नियमों को आसान बनाने का ऐलान किया है। फिलहाल ऐसी अधिकतर कंपनियां ग्लोबल फर्मों की ओर से संचालित की जाती हैं।
निर्मला सीतारमण ने जुलाई में पेश किए बजट में शिपिंग कंपनियों के लिए सरल कर व्यवस्था और नई धारा 44BBC शुरू करने का प्रस्ताव रखा था।
भारत में क्रूज पर्यटन अभी भी काफी शुरुआती चरण में है। फिलहाल, भारत कुल अंतरराष्ट्रीय क्रूजिंग इंडस्ट्री का सिर्फ 1 प्रतिशत प्रतिनिधित्व करता है। किसी भी प्रमुख अंतरराष्ट्रीय क्रूज इंडस्ट्री की भारत में उपस्थिति नहीं है।