Silicon Valley Bank (SVB) के डूबने के बाद कई सवाल उठ रहे हैं। कुछ लोगों के मन में यह सवाल चल रहा है कि क्या इससे इंडियन बैंकिंग सिस्टम पर भी बड़ा असर पड़ेगा? एक्सपर्ट्स का कहना है कि एसवीबी के डूबने का भारत में बैंकिंग सेक्टर पर खास असर नहीं पड़ेगा। SBI के पूर्व चेयरमैन रजनीश कुमार ने इस बारे मनीकंट्रोल को बताया कि हमारे देश की बैंकिंग इंडस्ट्री पर इसका बड़ा असर नहीं पड़ेगा। अमेरिका में फेडरल डिपॉजिट इंश्योरेंस कॉर्पोरेशन (FDIC) ने 10 मार्च को कहा था कि रेगुलेटर्स ने SVB को बंद करने का फैसला लिया है। उसके एसेट्स जब्त कर लिए गए हैं।
सिक्योरिटीज बेचने से SVB के शेयरों में आई बड़ी गिरावट
SVB का क्लोजर ऑर्डर कैलिफोर्निया डिपार्टमेंट ऑफ फाइनेंशियल प्रोटेक्शन एंड इनोवेशन ने जारी किया है। इसमें बतौर रिसीवर FDIC का नाम भी दिया गया है। बैंक ऑफ बड़ौदा के चीफ इकोनॉमिस्ट मदन सबनवीस ने कहा, "इसका हमारे बैंकिंग सेक्टर पर असर पड़ने की संभावना नहीं है। इसकी वजह यह है कि हमारा बैंकिंग सिस्टम बहुत बड़ा है और इसका इस तरह का एक्सपोजर भी नहीं है। यहां मसला यह है कि स्टार्टअप्स की तरफ से डिपॉजिट आया था और शॉर्टफॉल की वजह से बैंक को अपने सिक्योरिटीज बेचने पड़े, जिससे इसकी वैल्यू में रावट आई। हमारे यहां ऐसी स्थिति नहीं है। SVB इतना छोटा बैंक है कि इसके डूबने का ज्यादा असर अमेरिकी बैंकिंग सेक्टर पर भी नहीं पड़ेगा। रेगुलेटर इस मामले को देख रहा है।"
इंडियन इंडस्ट्री का SVB में ज्यादा एक्सपोजर नहीं
स्टेकहोल्डर इम्पावरमेंट सर्विसेज के जेएन गुप्ता ने कहा, "जहां तक इंडियन बैंकिंग सेक्टर का संबंध है तो एसवीबी के डूबने का इस पर कोई असर नहीं पड़ेगा। लेंडिंग रेशियो के मामले में इंडियन बैंक्स अभी बहुत सेक्योर स्थिति में हैं। इक्विटी मार्केट्स की बात करें तो इसका मामूली असर होगा। दुनिया में अगर कुछ बड़ा होता है तो इसका असर हर मार्केट पर पड़ता है।" नाम जाहिर नहीं करने की शर्त पर एक ब्रोकर ने कहा कि इनवेस्टर्स मार्केट को करीब से देखने की कोशिश कर रहे हैं।
इनवेस्टर्स मामले पर रख रहे करीबी नजर
उसने कहा, "सिलिकॉन वैली क्राइसिस का असर इंडियन मार्केट में इनवेस्टर्स पर पड़ा है। ज्यादातर बैंकों के शेयरों की कीमतें गिरी हैं, क्योंकि मार्केट सेंटिमेंट निगेटिव था। इसकी वजह यह धारणा थी कि SVB Crisis का असर ग्लोबल बैंकिंग इंडस्ट्री पर पड़ सकता है। इसलिए इनवेस्टर्स ग्लोबल ग्लोबल बैंकिंग सेक्टर पर करीबी नजर रख रहे हैं। हमारा मानना है कि इंडिया पर इसका बड़ा असर नहीं पड़ेगा। लेकिन निवेशक सावधानी बरत रहे हैं।"