Rice News: गर्मी की मार इस पर चावल की खेती पर भी पड़ती दिखाई दे रही है। संयुक्त राष्ट्र के खाद्य और कृषि संगठन (FAO) और विश्व मौसम विज्ञान संगठन (WMO) की रिपोर्ट के मुताबिक लू खेती-किसानी करने वाले भारतीय मजदूरों और चावल प्रोडक्शन के लिए एक बड़ा खतरा बनेगी। इसमें कहा गया है कि भविष्य की सबसे ज्यादा गर्मी की घटनाओं से सबसे ज्यादा जोखिम गंगा और सिंधु नदी घाटियों के घनी आबादी वाले कृषि क्षेत्रों के आसपास होगा।
