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Heart Attack: महिलाओं में दिखते हैं हार्ट अटैक के ये लक्षण, कभी न करें इग्नोर, फौरन हो जाएं अलर्ट

Heart Attack Symptoms in Women: तेजी से बदल रही लाइफस्टाइल और स्ट्रेस के बीच लोगों की हार्ट हेल्थ पर बुरा असर पड़ रहा है। इससे ना सिर्फ पुरुषों बल्कि महिलाओं में भी हार्ट से जुड़ी बीमारियां तेजी से बढ़ ही रही हैं। ऐसे में सावधान रहने की जररूत है। महिलाओं और पुरुषों में हार्ट अटैक के अलग-अलग लक्षण आ सकते हैं

MoneyControl Newsअपडेटेड Jan 14, 2025 पर 4:29 PM
Heart Attack: महिलाओं में दिखते हैं हार्ट अटैक के ये लक्षण, कभी न करें इग्नोर, फौरन हो जाएं अलर्ट
Heart Attack Symptoms in Women: हार्ट अटैक के ज्यादातर लक्षण महिला और पुरुष में एक जैसे होते हैं, लेकिन कुछ लक्षण महिलाओं में ज्यादा नजर आते हैं।

इन दिनों लोगों की लाइफ स्टाइल और खान पान में काफी बदलाव आया है। एक पल में जंक फूड मिलने से कई तरह की बीमारियां तेजी से फैल रही हैं। इनमें हार्ट अटैक, डायबिटीज, बीपी जैसी समस्याएं आम हो गईं हैं। ऐसे बदलती लाइफस्टाइल और बढ़ते तनाव के बीच लोगों की सेहत पर बुरा असर पड़ रहा है। सबसे ज्यादा हार्ट से जुड़ी बीमारियां सामने आई हैं। कब किसको हार्ट अटैक आ जाए, इसका कुछ भी पता नहीं चलता है। चलते-चलते लोगों में हार्ट अटैक की घटनाएं सामने आ रही हैं। इसमें पुरुष ही नहीं महिलाओं में हार्ट अटैक के मामले बढ़ रहे हैँ।

महिलाओं में पिछले कुछ सालों में हार्ट डिजीज, स्ट्रोक और हार्ट अटैक जैसी गम्भीर बीमारियों का खतरा काफी बढ़ गया है। खासतौर से 40 साल की उम्र के आसपास के लोगों में हार्ट अटैक का रिस्क काफी तेजी से बढ़ रहा है। महिलाओं में हार्ट अटैक का रिस्क बढ़ने के कई कारण हैं जिसमें हार्मोन्स में उतार-चढ़ाव और मेनोपॉज जैसे बदलाव शामिल हैं।

महिलाओं में हार्ट अटैक के लक्षण

हार्ट अटैक के ज्यादातर लक्षण महिला और पुरुष में एक जैसे होते हैं, लेकिन कुछ लक्षण महिलाओं में ज्यादा नजर आते हैं। अगर आपको भी इनमें से कोई भी लक्षण दिखाई दे तो बिना देरी किए डॉक्टर के पास जाएं। महिलाओं में हार्ट अटैक के लक्षणों की बात करें तो सांस की तकलीफ, मतली/उल्टी, और पीठ या जबड़े में दर्द कॉमन लक्षण है। डॉक्टरों के मुताबिक चक्कर आना, निचली छाती या ऊपरी पेट में दर्द और अत्यधिक थकान का अनुभव भी हार्ट अटैक के लक्षण हैं। एक्सपर्ट्स कहते हैं कि जब महिलाएं दिल के दौरे के लक्षणों का अनुभव करती हैं, तो उन संकेतों की अक्सर गलत व्याख्या की जाती है, लेकिन इसे कायदे से समझना बेहद जरूरी है।

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