छह साल के इंतजार के बाद, केंद्र सरकार ने गुरुवार को 28 राज्यों और आठ केंद्र शासित प्रदेशों (union territories) के लिए घोषित जीएसटी अपीलीय न्यायाधिकरण (GST Appellate Tribunal) के 31 राज्य पीठों (31 state bench) की स्थापना के लिए अधिसूचना जारी कर दी। गौरतलब है कि मार्च में, संसद ने जीएसटी (GST) के तहत विवादों के समाधान के लिए अपीलीय न्यायाधिकरण स्थापित करने के लिए वित्त विधेयक (Finance Bill) में बदलाव को मंजूरी दे दी थी। वर्तमान में, कर अधिकारियों के फैसले से असंतुष्ट करदाताओं को अपनी अपील के लिए संबंधित उच्च न्यायालयों (High Courts) में जाना पड़ता है।
इससे करदाताओं को अपनी अपील पर समाधान पाने की प्रक्रिया में अधिक समय लगता है। इसकी वजह ये है कि उच्च न्यायालय पहले से ही उनके पास सालों से लंबित मामलों के बोझ से दबे हुए हैं। इसके अलावा उच्च न्यायालयों के पास जीएसटी मामलों से निपटने के लिए कोई विशेष पीठ (specialised bench) भी नहीं है।
केंद्र सरकार का यह कदम टैक्सपेयर बेस को बढ़ाने और कॉर्पोरेट टैक्सपेयर्स के साथ डेटा ट्राएंगुलेशन में सुधार करने के प्रयासों का हिस्सा है। वर्तमान में, केवल 40% कॉर्पोरेट आयकरदाता वस्तु एवं सेवा कर (Goods and Services Tax (GST) के तहत पंजीकृत हैं।
राज्यों के लिए अधिसूचित जीएसटी अपीलीय न्यायाधिकरण की सूची
गुजरात/दादरा और नगर हवेली/दमन और दीव-अहमदाबाद, सूरत और राजकोट
हरियाणा-गुरुग्राम और हिसार
जम्मू और कश्मीर/लद्दाख - जम्मू और श्रीनगर
केरल/लक्षद्वीप-एर्नाकुलम और त्रिवेन्द्रम
आंध्र प्रदेश - विशाखापत्तनम और विजयवाड़ा
छत्तीसगढ़ - रायपुर और बिलासपुर
उत्तर प्रदेश - लखनऊ, वाराणसी, गाजियाबाद, आगरा और प्रयागराज
अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, सिक्किम, पश्चिम बंगाल - कोलकाता
अरुणाचल प्रदेश/असम/मणिपुर/मेघालय/मिजोरम/नागालैंड/त्रिपुरा - गुवाहाटी, आइजोल(सर्किट), अगरतला(सर्किट), कोहिमा (सर्किट)
गोवा/महाराष्ट्र - मुंबई, पुणे, ठाणे, नागपुर, औरंगाबाद और पणजी
पंजाब - चंडीगढ़ और जालंधर
राजस्थान - जयपुर और जोधपुर
तमिलनाडु/पुडुचेरी - चेन्नई, मदुरै, कोयंबटूर और पुडुचेरी
'सर्किट' के न्यायाधिकरण संबंधित राज्यों में सप्लायर्स द्वारा दायर की गई अपीलों की संख्या के आधार पर राष्ट्रपति द्वारा दिये गये आदेश के अनुसार चलाये जायेंगे।