क्या आपको भी देश में 5जी मोबाइल सेवाएं (5G Mobile Services) शुरू होने का इंतजार है? इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी (Information Technology) मंत्री अश्विनी वैष्णव ने मंगलवार को कहा कि इंडिया में 5जी नेवटर्क डेवलपमेंट के फाइनल स्टेज में है। पिछले हफ्ते वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपने बजट भाषण में कहा था कि 5जी सेवाएं शुरू करने के लिए स्पेक्ट्रम की नीलामी इस साल की जाएगी। इसका मतलब है कि आपको बहुत जल्द 5जी मोबाइल सेवाएं मिलने नहीं जा रही हैं। सवाल है कि इसके लिए हमें कितना इंतजार करना पड़ेगा। आइए इस सवाल का जवाब जानने की कोशिश करते हैं।
वैष्णव ने सीएनबीसी को बताया है कि इंडिया में इस साल अगस्त तक 5जी स्पेक्ट्रम की नीलामी की प्रक्रिया पूरी हो जाने की उम्मीद है। इसके बाद 5जी मोबाइल सेवाएं शुरू होंगी। उन्होंने बताया कि ट्राई इस नई टेक्नोलॉजी को शुरू करने के बारे में टेलीकॉम इंडस्ट्री के साथ बात कर रही है। ट्राइ अगले महीने तक अपनी रिपोर्ट सौंप सकती है।
उन्होंने कहा, "मार्च तक हमारे पास वे सभी चीजें आ जाएंगी, जो नीलामी प्रक्रिया शुरू करने के लिए जरूरी हैं। इसके बाद हमें नीलामी जुलाई या अगस्त तक पूरी हो जाने की उम्मीद है।" इस बीच कंपनियां 5जी रोलआउट प्लान को अंतिम रूप दे रही हैं। वे इक्विपमेंट के स्तर पर भी तैयारी कर रही हैं। कंपनियां यह भी तय कर रही हैं कि किन शहरों में यह सेवा पहले लॉन्च की जाएगी।
स्पेक्ट्रम की नीलामी की सरकार की टाइमलाइन को देखते हुए 5जी सेवा इस साल के अंत तक लॉन्च होने की उम्मीद है। लोग बेसब्री से यह सेवा शुरू होने का इतंजार कर रहे हैं। 5जी सेवाएं शुरू होने से इंटरनेट स्पीड बहुत ज्यादा बढ़ जाएगी। इसका आपके लाइफस्टाइल पर भी बहुत असर पड़ेगा। एंटरटेनमेंट, मेडिकल, कम्युनिकेशन, एजुकेशन सहित कई स्तर पर बदलाव दिखेगा। इससे घर बैठे कई तरह की मेडिकल सेवाओं का लाभ उठाना मुमकिन होगा।
दुनिया के 61 देशों में 5जी टेलीकॉम सेवाएं शुरू हो चुकी हैं। इनमें चीन, अमेरिका और साउथ कोरिया शामिल हैं। अमेरिका के 349 से ज्यादा शहरों में यह सेवा उपबल्ध है। इटली के 35 से ज्यादा शहरों के लोग इस सेवा का इस्तेमाल कर रहे हैं।