ATF price : एविएशन टर्बाइन फ्यूल (aviation turbine fuel) की कीमत 16.3 फीसदी की बढ़ोतरी के साथ दिल्ली में 1.41 रुपये प्रति किलोलीटर के अपने ऑल टाइम हाई पर पहुंच गई हैं। सीएनबीसी टीवी-18 ने गुरुवार, 16 जून को यह खबर दी है। 2022 में एटीएफ की कीमत लगभग 91 फीसदी बढ़ चुकी हैं। एटीएफ को जेट फ्यूल भी कहा जाता है, जो एविएशन सेक्टर में इस्तेमाल होता है।
एटीएफ प्राइस बढ़ने का असर इंडिगो, स्पाइसजेट सहित लगभग सभी विमानन कंपनियों के शेयरों पर पड़ सकता है।
15 दिन पहले सस्ता हुआ था एटीएफ
इससे पहले, इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन (IOCL) ने 1 जून, 2022 से दिल्ली में एविएशन टरबाइन फ्यूल (ATF) की कीमत 1.3 फीसदी घटाकर 1.21 लाख रुपये प्रति किलोलीटर कर दी थी। कीमत में यह इस साल पहली कटौती थी।
इससे पहले 16 मई को आईओसीएल ने जेट फ्यूल 5 फीसदी तक महंगा कर दिया था, जिससे कीमत 1.23 लाख रुपये प्रति किलोलीटर हो गई थी। जनवरी से अब तक एटीएफ की कीमत 61.7 फीसदी की भारी बढ़ोतरी के साथ 72,062 हजार रुपये से बढ़कर 1.23 लाख रुपये प्रति किलोलीटर हो गई थी।
वैश्विक कीमतों के चलते महंगा होता रहा है तेल
वैश्विक स्तर पर एनर्जी की कीमतों में बढ़ोतरी के चलते भारत में फ्यूल के रेट बढ़ाए गए हैं। यूक्रेन पर रूस के हमले के बाद आपूर्ति से जुड़ी चिंताओं और कोविड महामारी के असर में कमी के बाद फिर मांग बढ़ने से तेल के दाम लगातार बढ़ रहे हैं। भारत अपनी तेल जरूरतों के लिए 85 फीसदी आयात पर निर्भर है।
एक एयरलाइन के संचालन पर आने वाली कुल लागत में 40 फीसदी हिस्सेदारी जेट फ्यूल की है, जो इस साल बढ़कर नई ऊंचाई पर पहुंच गई है।
जेट फ्यूल में 16 मार्च को सबसे ज्यादा 18.3 फीसदी, 1 अप्रैल को 2 फीसदी, 16 अप्रैल को 0.2 फीसदी और 1 मई को 3.22 फीसदी की बढ़ोतरी की गई थी। राज्यों में कीमतें अलग-अलग हैं, जो स्थानीय करों पर निर्भर हैं।