IND vs NZ Test: हरफनमौला वाशिंगटन सुंदर को न्यूजीलैंड के खिलाफ बाकी बचे दो टेस्ट मैचों के लिए भारतीय टीम में शामिल किया गया है। न्यूजीलैंड के खिलाफ तीन मैचों की सीरीज के पहले मैच में आठ विकेट की हार के बाद चयनकर्ताओं ने वाशिंगटन को टीम में शामिल कर लिया। इस 25 वर्षीय खिलाड़ी को दिल्ली के खिलाफ चल रहे रणजी ट्रॉफी मैच में तमिलनाडु के लिए 152 रन बनाने के बाद टीम में शामिल किया गया है।
वाशिंगटन ने जनवरी 2021 में गाबा में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ भारत की ऐतिहासिक जीत में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। उन्होंने अपने पदार्पण टेस्ट में गेंद और बल्ले से प्रभावित किया था। न्यूजीलैंड सीरीज के बाद भारत के ऑस्ट्रेलिया दौरे को देखते हुए वाशिंगटन को एक बार फिर से टीम में शामिल किया गया है।
बीसीसीआई ने जारी बयान में कहा, "वाशिंगटन सुंदर दूसरे टेस्ट से पहले पुणे में टीम के साथ जुड़ेंगे।" इस दाएं हाथ से स्पिन गेंदबाजी करने वाले इस वामहस्त बल्लेबाज ने चार टेस्ट, 22 वनडे और 52 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेले हैं। दूसरा टेस्ट 24 अक्टूबर से पुणे में शुरू होगा।
36 साल बाद न्यूजीलैंड की भारत में जीत
न्यूजीलैंड ने जसप्रीत बुमराह के खतरनाक स्पैल का डटकर सामना करते हुए आखिरी दिन किसी चमत्कार की भारत की कोशिशों पर पानी फेर दिया। पहला टेस्ट आठ विकेट से जीतकर न्यूजीलैंड ने 36 साल बाद भारतीय सरजमीं पर पारंपरिक प्रारूप में सफलता का स्वाद चखा। आखिरी बार न्यूजीलैंड ने भारत को 1988 में जॉन राइट की कप्तानी में वानखेड़े स्टेडियम पर 136 रन से हराया था।
जीत के लिए 107 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए न्यूजीलैंड ने शुरूआती झटकों के बाद कोई कोताही नहीं बरती। विल यंग 48 रन बनाकर और रचिन रविंद्र 39 रन बनाकर नाबाद रहे। दोनों ने तीसरे विकेट के लिए 75 रन की अटूट साझेदारी करके टीम को तीन मैचों की सीरीज में 1.0 से बढत दिला दी।
पहली पारी में 46 रन पर आउट होने के बावजूद भारत ने जिस तरह मैच में वापसी की थी, वह काबिले तारीफ है। उसे अब पुणे में 24 अक्टूबर से शुरू होने वाले दूसरे टेस्ट में इस हार को भुलाकर अपना स्वाभाविक खेल दिखाना होगा। गले की जकड़न से उबरने के बाद शुभमन गिल की दूसरे टेस्ट में वापसी तय लग रही है लेकिन पहले टेस्ट की दूसरी पारी में 150 रन बनाने वाले सरफराज खान को अब अनदेखा नहीं किया जा सकता।
गेंदबाजी के चयन में गड़बड़ी
भारत को यह भी देखना होगा कि तीन तेज गेंदबाजों के साथ उतरना है या तीन स्पिनर ही उतारने है। यह फैसला एम चिन्नास्वामी स्टेडियम पर कारगर साबित नहीं हुआ। आखिरी दिन गीली आउटफील्ड के कारण मैच एक घंटा विलंब से 10 बजकर 15 मिनट पर शुरू हुआ। नई गेंद संभालते हुए बुमराह ने 29 रन देकर दो विकेट लिए। टॉम लाथम खाता खोले बिना पहले ही ओवर में आउट हो गए।
भारत को तीसरे तेज गेंदबाज की कमी महसूस हुई होगी क्योंकि विकेट से बुमराह और मोहम्मद सिराज को मदद मिल रही थी। भारत ने तीसरे स्पिनर के तौर पर कुलदीप यादव को उतारा था जिन्होंने तीन ओवर में 26 रन दिए। डेवोन कोंवे भी बुमराह के सामने असहज लग रहे थे और 17 रन बनाकर पगबाधा आउट हो गए।
न्यूजीलैंड का स्कोर उस समय दो विकेट पर 35 रन था लेकिन यंग और रविंद्र ने इसके बाद संभलकर खेला। आसमान खिलने के बाद बल्लेबाजी में दिक्कत नहीं हुई और दोनों ने ढीली गेंदों को नसीहत दी। पहली पारी में शतक जमाने वाले रविंद्र ने कुलदीप को छक्का भी लगाया।