Goa Tourism News: भारतीय जनता पार्टी (BJP) के विधायक माइकल लोबो ने गुरुवार (27 फरवरी) को दावा किया कि समुद्र तट पर झोंपड़ियों में बिक रहे इडली-सांभर और वड़ा पाव की वजह से गोवा में इंटरनेशनल पर्यटकों की संख्या में कमी आ रही है। उत्तरी गोवा के कलंगुट में पत्रकारों को संबोधित करते हुए लोबो ने कहा कि यदि गोवा में कम विदेशी आ रहे हैं तो इसके लिए अकेले सरकार को दोषी नहीं ठहराया जा सकता, क्योंकि सभी समान रूप से जिम्मेदार हैं। लोबो ने इस बात पर अफसोस जताया कि गोवावासियों ने समुद्र तट पर स्थित अपनी झोंपड़ियों को अन्य स्थानों के व्यापारियों को किराए पर दे दिया है।
उन्होंने कहा, "बेंगलुरु के कुछ लोग झोंपड़ियों में वड़ा पाव परोस रहे हैं। कुछ इडली-सांभर बेच रहे हैं। (इसलिए) पिछले दो साल से राज्य में इंटरनेशनल पर्यटन में गिरावट आ रही है।" हालांकि, विधायक ने यह नहीं बताया कि लोकप्रिय दक्षिण भारतीय व्यंजन उनके राज्य में पर्यटन को किस प्रकार प्रभावित कर रहा है।
लोबो ने कहा, "पर्यटकों की संख्या में गिरावट के कारण शोर-शराबा मचा हुआ है। तटीय क्षेत्र में चाहें वह उत्तर हो या दक्षिण, विदेशी पर्यटकों के आगमन में भारी गिरावट आई है। इसके लिए कई कारक जिम्मेदार हैं।" उन्होंने कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को इसकी जिम्मेदारी लेनी चाहिए। लोबो ने कहा कि हर साल कुछ विदेशी गोवा आते हैं। लेकिन विदेश से आने वाले युवा पर्यटक राज्य से दूर जा रहे हैं।
रूस-यूक्रेन युद्ध को भी ठहराया जिम्मेदार
पीटीआई के मुताबिक उन्होंने आगे कहा, "पर्यटन विभाग और अन्य को एक संयुक्त बैठक आयोजित करनी चाहिए। उन कारणों का अध्ययन करना चाहिए कि विदेशी पर्यटक गोवा आने के लिए तैयार क्यों नहीं हैं।" लोबो ने कहा कि युद्ध के कारण रूसी और यूक्रेनी पर्यटकों ने गोवा आना बंद कर दिया है। उन्होंने कहा, "पूर्व सोवियत संघ के देशों से पर्यटकों ने गोवा आना बंद कर दिया है।" विधायक ने कहा कि राज्य को पर्यटन से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों को सुलझाना चाहिए। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा, "अगर हम कोई व्यवस्था नहीं बनाएंगे तो पर्यटन क्षेत्र में बुरे दिन देखने को मिलेंगे।"
jरिपोर्ट्स के मुताबिक, गोवा पर्यटन विभाग ने समुद्र तट पर झोंपड़ियों के संचालन में अवैध गतिविधियों पर नकेल कसने के लिए अभियान चलाया है। गोवा झोंपड़ी नीति के उल्लंघन की पहचान करने के लिए औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण अभियान में कई मामलों में सबलेटिंग का पता चला।
इसके बाद अधिकारियों ने नियमों का उल्लंघन करने वालों को कारण बताओ नोटिस जारी किया। निरीक्षण के दौरान, अधिकारियों ने उत्तरी गोवा में उल्लंघन के 80 मामलों का पता लगाया, जिसमें कई झोंपड़ियों को अवैध रूप से सबलेट किया गया पाया गया।