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Health Tips: इन लक्षणों को कभी न करें इग्नोर, नींद में ही चली जाएगी जान, जानिए कैसे करें बचाव

Health Tips: अगर आपको तेज खर्राटे आते हैं। अचानक सांस रुकने पर आंख खुलती है तो आप स्लीप एपनिया के शिकार हो सकते हैं। स्लीप एपनिया एक स्लीपिंग डिसऑर्डर है। नींद की यह बीमारी स्ट्रोक के जोखिम को कई गुना तक बढ़ा देती है। जिससे मौत भी हो सकती है। जानिए कैसे इससे बचें

Jitendra Singhअपडेटेड Jan 11, 2023 पर 2:07 PM
Health Tips: इन लक्षणों को कभी न करें इग्नोर, नींद में ही चली जाएगी जान, जानिए कैसे करें बचाव
स्लीप एपनिया नींद से जुड़ी वो बीमारी है। जिसमें व्यक्ति की सोते हुए सांस बंद हो जाती है

Health Tips: नींद से जुड़ी शारीरिक और मानसिक समस्याएं दोनों सेहत के लिए हानिकारक होती हैं। बहुत से लोग हैं जो रात में नींद न पूरी होने की समस्या से जूझ रहे हैं। इससे डायबिटीज, हृदय रोग, चिंता-तनाव जैसा जोखिम बढ़ जाता है। लेकिन हम आपको बता दें कि कुछ बीमारी ऐसी भी हैं। जिसमें नींद न पूरी होने पर जान तक जा सकती है। हेल्थ एक्सपर्ट्स का कहना है कि स्लीप एपनिया (Sleep Apnea) भी एक ऐसी गंभीर बीमारी है। जिसे इग्नोर करने जान तक जा सकती है। लंबे समय तक इस बीमारी के बने रहने से कई तरह की कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है।

स्लीप एपनिया नींद से जुड़ी वो बीमारी है। जिसमें व्यक्ति की सोते हुए सांस बंद हो जाती है। इससे पीड़ित लोगों को कई बार खुद अपनी इस स्थिति का पता नहीं चल पाता है। जिससे इसका इलाज नहीं हो पाता है। ऐसे में लंबे समय तक इस बीमारी के रहने से स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है।

लक्षण

स्लीप एपनिया में सोते वक्त बार-बार सांस रुकती और चलती है। खतरनाक बात ये है कि इसमें नींद में ही सांस रुक जाती है और व्यक्ति को पता भी नहीं चलता है। कई बार झटके से सांस आती है और नींद टूट जाती है। इस बीमारी के शिकार लोगों के दिमाग में ऑक्सीजन की कमी होने लगती है। जिससे कई और समस्याएं पैदा होने का खतरा बढ़ जाता है। इसमें खर्राटे लेना, नींद के दौरान सांस का बंद होना, नींद में मुंह सूखना, सुबह सिरदर्द रहना, सोने में कठिनाई, दिन में अत्यधिक नींद आना, जागते समय ध्यान देने में कठिनाई, चिड़चिड़ापन जैसे तमाम लक्षण नजर आते हैं।

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