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Mahakumbh Mela 2025: उत्तर प्रदेश में एक और नए जिले का ऐलान, ‘महाकुंभ मेला’ बना 76वां जिला, देखिए तहसील और गांवों की पूरी लिस्ट

Mahakumbh Mela District Announced: उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में अगले साल महाकुंभ मेला लगने वाला है। इस बीच राज्य में योगी सरकार ने एक बड़ा तोहफा दिया है। सरकार ने मेले लगने वाले जगह पर एक और जिला बनाने का ऐलान कर दिया है। इसका नाम ‘महाकुंभ मेला’ होगा। यह जिला प्रयागराज से अलग करके बनाया गया है

MoneyControl Newsअपडेटेड Dec 02, 2024 पर 11:29 AM
Mahakumbh Mela 2025: उत्तर प्रदेश में एक और नए जिले का ऐलान, ‘महाकुंभ मेला’ बना 76वां जिला, देखिए तहसील और गांवों की पूरी लिस्ट
Mahakumbh Mela District Announced: महाकुंभ हर 12 साल में एक बार लगता है। इस बार यह 13 जनवरी से शुरू हो रहा है और 26 फरवरी को खत्म हो रहा है।

उत्तर प्रदेश में इन दिनों महाकुंभ मेले की तैयारी जोर-शोर से चल रही है। इस बीच एक बड़ी खबर सामने आई है। महाकुंभ के आयोजन के लिए मेला क्षेत्र नया जिला घोषित कर दिया गया है। नए जिले का नाम ‘महाकुंभ मेला’ रखा गया है। महाकुंभ मेला नाम से नए जिले के लिए नोटिफिकेशन जारी कर दिया गया है। इस फैसले के बाद उत्तर प्रदेश में अब एक जिला बढ़ गया है। ऐसे में अब यूपी में 75 की जगह 76 जिले हो गए हैं। राज्य के सीएम योगी आदित्यनाथ ने नए जिले का ऐलान कर दिया है।

महाकुंभ मेला जिले में भी वह सभी प्रक्रियाएं अपनाई जाएंगी, जो किसी दूसरे जिले के के लिए जरूरी होता हैं। कहने का मतलब ये हुआ कि महाकुंभ क्षेत्र के अलग डीएम और पुलिस कप्तान होंगे। अलग थाने और पुलिस चौकियां होगी। महाकुंभ मेला जिले में पूरा परेड क्षेत्र और चार तहसीलों सदर, सोरांव, फूलपुर और करछना के 67 गांव शामिल हैं। महाकुंभ मेला जिले के कलेक्टर मेलाधिकारी विजय किरन आनंद होंगे। वहीं एसएसपी के तौर पर राजेश द्विवेदी की नियुक्ति पहले ही हो चुकी है।

नया जिला घोषित करने की रही है परंपरा

महाकुंभ मेले का आयोजन 13 जनवरी से 26 फरवरी 2025 तक होगा। मेले के कुछ दिन बाद तक यह जिला अस्तित्व में रहता है। महाकुंभ के दौरान एक पूरा नया शहर बसाया जाता है। लिहाजा इस दौरान एक नया जिला घोषित करने की परंपरा है। प्रयागराज के चार तहसीलों को अलग कर एक नया जिला बनाया गया है। विशेष आयोजन को बेहतर तरीके से मैनेज करने और प्रशासनिक कार्यों को बेहतर तरीके से चलाने में नए जिला प्रशासन की भूमिका अहम रहेगी। महाकुंभ के आयोजन के कुछ दिनों बाद तक महाकुंभ मेला जिले का अस्तित्व रहेगा। इस महाकुंभ के दौरान कुल छह शाही स्नान होंगे। महाकुंभ का पहला शाही स्नान 14 जनवरी को मकर संक्रांति के दिन होगा। दूसरा शाही स्नान 29 जनवरी मौनी अमावस्या को होगा। बसंत पंचमी यानी 3 फरवरी को तीसरा शाही स्नान होगा। चौथा शाही स्नान 13 फरवरी को पौष पूर्णिमा के दिन होगा। 12 फरवरी को माघी पूर्णिमा के दिन पांचवां और 26 फरवरी को महाशिवरात्रि के दिन छठे शाही स्नान का आयोजन होगा।

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