How to check Tata Tech IPO Allotment Status: करीब 19 साल बाद टाटा का कोई आईपीओ खुला था। ऑफर फॉर सेल का इश्यू होने के बावजूद टाटा टेक (Tata Tech) के आईपीओ को तगड़ा रिस्पांस मिला और 69 गुना से अधिक भरा। ग्रे मार्केट में बात करें तो आईपीओ के अपर प्राइस बैंड से यह ₹414 की GMP (ग्रे मार्केट प्रीमियम) पर है यानी कि लिस्टिंग पर आईपीओ निवेशकों को करीब 83 फीसदी मुनाफा मिलने के आसार हैं। हालांकि मार्केट एक्सपर्ट्स के मुताबिक ग्रे मार्केट से मिले संकेतों की बजाय लिस्टिंग डे के दिन के मार्केट सेंटिमेंट और कंपनी की कारोबारी सेहत के आधार पर शेयरों की एंट्री होती है।
अब अलॉटमेंट की बात करें तो इसका अलॉटमेंट 28 नवंबर को फाइनल हो सकता है। आईपीओ का प्राइस बैंड 475-500 रुपये प्रति शेयर था। शेयरों का अलॉटमेंट फाइनल होने के बाद स्टेटस चेक करने का तरीका नीचे दिया जा रहा है। शेयरों की 30 नवंबर को BSE और NSE पर एंट्री हो सकती है। ध्यान दें कि इन तारीखों में बदलाव भी हो सकता है।
Tata Tech IPO Allotment Status
BSE की वेबसाइट पर ऐसे देखें अलॉटमेंट स्टेटस
https://www.bseindia.com/investors/appli_check.aspx , बीएसई पर इस डायरेक्ट लिंक के जरिए अलॉटमेंट स्टेटस चेक कर सकते हैं।
इश्यू टाइप में इक्विटी चुनें और ड्रॉप डाउन मेन्यू में से इश्यू नाम टाटा टेक चुनें।
एप्लीकेशन नंबर या पैन भरें।
‘I am not a Robot’ पर क्लिक करके सर्च टैब पर क्लिक करें।
शेयरों का अलॉटमेंट स्टेटस स्क्रीन पर दिखने लगेगा।
रजिस्ट्रार की साइट से स्टेटस ऐसे करें चेक
पहले तो कंपनी चुनने वाले विकल्प में ड्रापडाउन मेन्यू से टाटा टेक चुनें।
यहां चार विकल्प दिखेगा- पैन, एप्लीकेशन नंबर, डीपी क्लाइंट आईडी और अकाउंट नंबर/IFSC। इनमें से कोई एक विकल्प सेलेक्ट करें और
अगर पैन चुना है तो आईपीओ चुनकर पैन भरें। अगर एप्लीकेशन नंबर चुना है तो एप्लीकेशन नंबर भरें और अगर डीपी क्लाइंट आईडी चुना है तो डिपॉजिटरी क्लाइंट आईडी भरें। वहीं अकाउंट नंबर/IFSC चुना है तो अकाउंट नंबर और IFSC भरें।
आपके एप्लीकेशन का स्टेटस दिखने लगेगा यानी कि कितने शेयरों के लिए आपने अप्लाई किया था और कितना अलॉट हुआ है, इसकी पूरी डिटेल्स स्क्रीन पर दिखने लगेगी।
Tata Tech IPO को मिला था कैसा रिस्पांस
टाटा टेक का ₹3,042.51 करोड़ का आईपीओ 22-24 नवंबर के बीच सब्सक्रिप्शन के लिए खुला था। ओवरऑल यह आईपीओ 69.43 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इसमें क्वालिफाईड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) का हिस्सा 203.41 गुना, नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (NII) का हिस्सा 62.11 गुना, खुदरा निवेशकों का हिस्सा 16.50 गुना, एंप्लॉयीज का हिस्सा 3.70 गुना और टाटा मोटर्स के शेयरहोल्डर्स का हिस्सा 29.20 गुना भरा था। चूंकि यह इश्यू पूरी तरह से ऑफर फॉर सेल का था तो इसका पैसा टाटा टेक को नहीं मिलेगा।