सिक्योरिटी एंड एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया (SEBI) वारबर्ग पिंकस और फेयरिंग कैपिटल के निवेश वाली फर्म बीबा फैशन (Biba Fashion) के प्रस्तावित इनीशियल पब्लिक ऑफर (IPO) को दी गई मंजूरी फिलहाल के लिए टाल दी है। हालांकि, SEBI ने इसके पीछे के कारणों की अभी जानकारी नही हैं। Biba Fashion ने इस साल 12 अप्रैल को इनीशियल पब्लिक ऑफर (IPO) के जरिए पैसा जुटाने के लिए SEBI के पास ड्राफ्ट पेपर जमा किए थे।
SEBI ने सोमवार को अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर जारी एक नोट में कारणों का खुलासा किए बिना कहा कि वह बीबा फैशन के IPO से जुड़े अपने निष्कर्ष को फिलहाल 'निलंबित' रख रही है। किसी भी कंपनी के IPO प्रस्ताव पर सेबी का निष्कर्ष जारी करने का मतलब उस IPO को मंजूरी देना होता है। SEBI आमतौर पर ड्राफ्ट पेपर फाइल करने के 30 दिनों के अंदर अपना निष्कर्ष जारी कर देता है।
ड्राफ्ट पेपर के मुताबिक, BIBA फैशन अपने आईपीओ के जरिए नए इक्विटी शेयर जारी कर 90 करोड़ जुटाएगी। इसके अलावा इश्यू में एक ऑफर-फॉर-सेल (OFS) भी होगा, जिसके तहत कंपनी के 2.77 करोड़ शेयरों को उसके प्रमोटर और मौजूदा निवेशक बिक्री के लिए रखेंगे।
OFS के तहत, कंपनी की प्रमोटर मीना बिंद्रा और प्राइवेट इक्विटी फर्म वारबर्ग पिनकस के निवेश वाली हाईडेल इनवेस्टमेंटऔर फीयरिंग कैपिटल इंडिया इवॉल्विंह फंड अपने हिस्सों के शेयरों को बिक्री के लिए रखेंगे। कंपनी ने कहा था कि वह नए इक्विटी शेयरों को जारी करने से मिले पैसों को कर्ज चुकाने और दूसरे सामान्य कॉरपोरेट उद्देश्यों के लिए खर्च करेगी।
32 साल पहले हुई थी शुरुआत
डिजाइनर से आंत्रप्रेन्योर बनी मीना बिंद्रा ने 1988 में बीबा अपैरल्स की स्थापना की थी। बाद में बीबा ने ज्वेलरी और फुटवियर सेगमेंट में दस्तक दी। इसके बाद स्पेले (Spelle) ब्रांड लॉन्च करते हुए फ्रैगरैंस वर्टिकल में कदम रखे। आज बीबा फैशन देश के 120 से अधिक शहरों में उपलब्ध है और उसने जयपुर में अपना 300वां स्टोर खोला था।