Powerica IPO: जनरेटर सेट का बिजनेस करने वाली पावरिका अपने IPO के जरिए 1400 करोड़ रुपये तक जुटाना चाहती है। इसके लिए कंपनी ने कैपिटल मार्केट रेगुलेटर SEBI के पास ड्राफ्ट पेपर जमा कर दिए हैं। IPO में 700 करोड़ रुपये के नए शेयर जारी किए जाएंगे, साथ ही इतने ही रुपये के शेयरों का ऑफर फॉर सेल (OFS) रहेगा। OFS में प्रमोटर नरेश ओबेरॉय फैमिली ट्रस्ट और कबीर एंड किमाया फैमिली प्राइवेट ट्रस्ट, शेयरों को बिक्री के लिए रखेंगे।
पावरिका, डीजल जनरेटर सेट में विशेषज्ञता रखती है। यह कमिंस के लिए ओरिजिनल इक्विपमेंट मैन्युफैक्चरर्स में भी शामिल है। पावरिका की शुरुआत 1984 में हुई थी। कंपनी विंड पावर के बिजनेस में भी है। यह प्री-IPO राउंड में 140 करोड़ रुपये तक जुटाने पर विचार कर सकती है। अगर ऐसा होता है तो IPO में नए शेयरों के इश्यू का साइज घट जाएगा।
IPO के पैसों का कैसे होगा इस्तेमाल
IPO में नए शेयरों को जारी कर हासिल होने वाले पैसों में से 525 करोड़ रुपये का इस्तेमाल पावरिका कर्ज को कुछ हद तक चकाने के लिए करेगी। बाकी पैसे सामान्य कॉरपोरेट उद्देश्यों के लिए रहेंगे। कंपनी ने 8 अगस्त को जमा किए अपने ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (DRHP) में कहा कि जुलाई 2025 तक उस पर बैंकों का कुल 1012.60 करोड़ रुपये का कर्ज बकाया था।
पावरिका का वित्त वर्ष 2025 में मुनाफा 26.3 प्रतिशत की गिरावट के साथ 166.8 करोड़ रुपये रहा। रेवेन्यू सालाना आधार पर 20 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ 2653.3 करोड़ रुपये हो गया। IPO के लिए ICICI सिक्योरिटीज, IIFL कैपिटल सर्विसेज और नुवामा वेल्थ मैनेजमेंट मर्चेंट बैंकर हैं। पावरिका के कुल बिजनेस में जनरेटर सेट बिजनेस की हिस्सेदारी 85 प्रतिशत है। वहीं विंड पावर बिजनेस की हिस्सेदारी 15 प्रतिशत है। कंपनी के गुजरात में 279.55 मेगावाट की कुल स्थापित क्षमता वाले 11 विंड एनर्जी प्रोजेक्ट हैं।
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