Kerala Loksabha Elections: केरल में लड़ते हैं, दिल्ली में एक दूसरे को लगाते हैं गले, PM मोदी ने UDF-LDF को बताया ठग

Kerala Loksabha Elections: सार्वजनिक रैली को संबोधित करते प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, "केरल की संस्कृति आध्यात्मिकता से जुड़ी है, लेकिन UDF और LDF आस्था को कुचलने के लिए जाने जाते हैं। केरल की संस्कृति शांति को बढ़ावा देती है लेकिन UDF और LDF राजनीतिक हिंसा में विश्वास करते हैं

अपडेटेड Mar 15, 2024 पर 4:17 PM
Story continues below Advertisement

Kerala Loksabha Elections: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) ने केरल के सत्ताधारी वाम लोकतांत्रिक मोर्चा (LDF) और विपक्षी संयुक्त लोकतांत्रिक मोर्चा (UDF) को ‘ठग’ करार देते हुए शुक्रवार को कहा कि राज्य में दोनों एक-दूसरे का विरोधी होने का दिखावा करते हैं, जबकि दिल्ली में गले मिलते हैं। यहां एक रैली को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि केरल के लोग इनकी सच्चाई समझ गए हैं और भारतीय जनता पार्टी (BJP) पिछले चुनाव के दो अंकों के वोट प्रतिशत के मुकाबले आने वाले चुनावों में दो अंकों की सीटों तक पहुंचने से दूर नहीं है।

उन्होंने कहा, "एलडीएफ और यूडीएफ विरोधी होने का दिखावा करते हैं, लेकिन दिल्ली में वे एक-दूसरे को ‘गले’ लगाते हैं! कांग्रेस और कम्युनिस्ट यहां एक-दूसरे को कोसते हैं लेकिन राष्ट्रीय राजधानी में गठबंधन करते हैं!"

उन्होंने कहा, "कांग्रेस और लेफ्ट दोनों ठग हैं। उन्होंने केरल के लोगों को धोखा दिया है। लेकिन अब केरल के लोग, खासकर युवा और महिलाएं, हकीकत समझ रहे हैं।"


केरल में खिलने वाला है कमल: PM मोदी

लोकसभा चुनाव (Lok Sabha Elections 2024) प्रचार के लिए जनसभा में मौजूद लोगों की भीड़ की ओर इशारा करते हुए मोदी ने कहा कि पथानामथिट्टा का उत्साह बता रहा है कि इस बार केरल में ‘कमल’ खिलने वाला है।

उन्होंने कहा, "पिछले चुनावों में केरल की जनता ने हमें दो अंकों के वोट प्रतिशत वाली पार्टी बनाया था। और अब, यहां दोहरे अंकों की सीटों से हमारा भाग्य दूर नहीं है!"

प्रधानमंत्री ने कहा कि केरल के लोग राज्य में शासन करने वाली भ्रष्ट और अक्षम सरकारों के कारण पीड़ित हैं और यहां की सरकारों ने रबर किसानों की दुर्दशा के प्रति आंखें मूंद ली हैं।

केरल में आम तौर पर एलडीएफ या यूडीएफ ही सत्ता पर काबिज होते रहे हैं। दक्षिण के इस राज्य में भाजपा का प्रदर्शन अब तक कोई खास नहीं रहा है। भाजपा यहां पैर जमाने के लिए लंबे समय से प्रयासरत है।

'राज्य में चर्च के पादरी भी सुरक्षित नहीं'

केरल में कानून व्यवस्था की स्थिति को लेकर भी उन्होंने LDF सरकार पर निशाना साधा और कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि राज्य में चर्च के पादरी भी सुरक्षित नहीं हैं।

उन्होंने कहा, "कानून व्यवस्था की शर्मनाक स्थिति के कारण वे हिंसा का शिकार हो रहे हैं। इतना ही नहीं असंख्य कॉलेज कम्युनिस्टों का अड्डा बन गए हैं।"

उन्होंने कहा, ‘‘केरल में महिलाएं, युवा और समाज का हर तबका डर के साये में जी रहा है और राज्य में शासन करने वाले लोग चैन की नींद में सो रहे हैं।’’

प्रधानमंत्री ने दावा किया कि केरल को बचाने का एकमात्र ‘रामबाण इलाज’ कांग्रेस और एलडीएफ से छुटकारा पाना है।उन्होंने कहा, ‘‘यह एकमात्र समाधान है जिसके माध्यम से केरल के लोगों को न्याय मिलेगा।’’

Lok Sabha Election Date: कल होगा लोकसभा चुनाव की तारीखों का ऐलान, चुनाव आयोग जारी करेगा शेड्यूल

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।