Loksabha Election West Bengal: कौन हैं रेखा पात्रा? PM मोदी ने बताया- 'शक्ति स्वरूपा' संदेशखाली केस थी अहम भूमिका

Loksabha Election West Bengal: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) ने रेखा पात्रा (Rekha Patra) से उनके प्रचार की तैयारियों और मतदाताओं के बीच BJP के समर्थन समेत दूसरे मुद्दों के बारे में बात की। BJP की तरफ से इस सीट से उन्हें उम्मीदवार बनाने की घोषणा के एक दिन बाद सोमवार को पोस्टर सामने आये थे

अपडेटेड Mar 26, 2024 पर 11:52 PM
Story continues below Advertisement
Loksabha Election West Bengal: PM मोदी ने बशीरहाट लोकसभा सीट से BJP की प्रत्याशी रेखा पात्रा से बात की

Loksabha Election West Bengal: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) ने मंगलवार को बशीरहाट लोकसभा सीट से भारतीय जनता पार्टी (BJP) की प्रत्याशी रेखा पात्रा (Rekha Patra) से बात की, जिन्होंने पश्चिम बंगाल (West Bengal) के संदेशखाली (Sandeshkhali) में महिलाओं के यौन उत्पीड़न का मुद्दा उठाया था। पार्टी के नेताओं ने यह जानकारी दी। प्रधानमंत्री ने पात्रा को 'शक्ति स्वरूपा' कहकर संबोधित किया।

तृणमूल कांग्रेस (TMC) के कद्दावर नेता शाहजहां शेख और उनके खास लोगों के कथित अत्याचारों के खिलाफ आवाज उठाने वाली पात्रा को BJP ने बशीरहाट लोकसभा सीट से अपना उम्मीदवार बनाया है। संदेशखाली गांव इसी लोकसभा क्षेत्र के अंतर्गत आता है। पश्चिम बंगाल की 42 लोकसभा सीट में से एक बशीरहाट वर्तमान में तृणमूल कांग्रेस (TMC) के पास है।

'जैसे राम जी हमारे साथ हैं'


मोदी ने पात्रा से लोकसभा चुनाव (Loksabha Election) उनके प्रचार की तैयारियों और मतदाताओं के बीच BJP के समर्थन समेत दूसरे मुद्दों के बारे में बात की। पात्रा ने इस दौरान संदेशखाली की महिलाओं की पीड़ा सुनाई।

प्रधानमंत्री ने उन्हें 'शक्ति स्वरूपा' कहकर संबोधित किया। शक्ति एक शब्द है, जो दुर्गा और काली जैसी देवी-देवताओं से जुड़ा है।

पात्रा ने मोदी से कहा कि उन्हें अच्छा लग रहा है कि वह उनके साथ खड़े हैं और कहा, "ऐसा लग रहा है, जैसे राम जी हमारे साथ हैं।"

2011 में नहीं कर पाई थीं मतदान

BJP प्रत्याशी ने प्रधानमंत्री को बताया कि उन्होंने क्षेत्र की स्थिति के कारण 2011 से मतदान नहीं किया है। इस पर मोदी ने आश्वासन दिया कि चुनाव आयोग स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव कराएगा और यह सुनिश्चित करेगा कि हर कोई मतदान कर सके।

बाद में, कोलकाता में पत्रकारों से बात करते हुए, पात्रा ने प्रधानमंत्री को उनके "प्रोत्साहन" के लिए धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा, "मैं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदीजी को उनके प्रेरक और उत्साहवर्धक शब्दों के लिए धन्यवाद देना चाहती हूं। मैं इस सीट से मुझे उम्मीदवार बनाने के लिए BJP को भी धन्यवाद देना चाहती हूं। संदेशखाली में हमें जिन भयावह अनुभवों से गुजरना पड़ा, उससे इलाके की सभी महिलाएं वाकिफ हैं। संदेशखाली की महिलाएं और स्थानीय लोग मेरे साथ हैं।"

तृणमूल कांग्रेस से निलंबित शेख और उसके कुछ सहयोगियों को ED अधिकारियों पर हमले के सिलसिले में गिरफ्तार किया गया है और वे केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) की हिरासत में हैं।

पात्रा के खिलाफ संदेशखाली में लगे पोस्टर

इस बीच, संदेशखाली क्षेत्र में कुछ जगहों पर दिखाई देने वाले हाथ से लिखे पोस्टरों के बारे में पूछे जाने पर जिसमें लोकसभा चुनाव के लिए पात्रा की उम्मीदवारी की निंदा की गई है, पात्रा ने इसे TMC और शेख से जुड़े गुंडों की करतूत करार दिया।

उन्होंने कहा, "शाहजहां शेख और उसके साथियों से जुड़े लोग मुझे बदनाम करने की कोशिश कर रहे हैं। संदेशखाली के लोग मेरे साथ हैं।"

BJP की तरफ से इस सीट से उन्हें उम्मीदवार बनाने की घोषणा के एक दिन बाद सोमवार को पोस्टर सामने आये थे, जिन पर "हम रेखा को उम्मीदवार के रूप में नहीं चाहते" और "हम रेखा पात्रा को भाजपा उम्मीदवार के रूप में नहीं चाहते" जैसे नारे लिखे थे।

संदेशखाली मामले में रेखा पात्रा की भूमिका

पात्रा संदेशखाली के सबसे मुखर प्रदर्शनकारियों में से थीं। पुलिस ने उनकी शिकायत के आधार पर स्थानीय बाहुबली शिबू हाजरा को गिरफ्तार किया था जो शाहजहां शेख का सहयोगी है।

माना जाता है कि पात्रा उस गुट का भी हिस्सा थी, जिसने 6 मार्च को बारासात में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से उनकी जनसभा के मौके पर मुलाकात की थी और प्रधानमंत्री को संदेशखाली की महिलाओं की दुर्दशा के बारे में बताया था।

प्रधानमंत्री की ओर से पात्रा से बात करने पर प्रतिक्रिया देते हुए, TMC की वरिष्ठ नेता शशि पांजा ने कहा कि मोदी को मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का अपमान करने के लिए BJP सांसद दिलीप घोष को फटकार लगानी चाहिए थी, जो "बंगाल की एक और शक्ति स्वरूपा" हैं।

उन्होंने कहा, "प्रधानमंत्री ने रेखा पात्रा को फोन किया, लेकिन उन्हें मुख्यमंत्री ममता बनर्जी, जो एक महिला हैं, के खिलाफ दिलीप घोष की टिप्पणी की भी निंदा करनी चाहिए थी। उन्हें मणिपुर के पीड़ितों से भी बात करनी चाहिए थी।"

मंगलवार को उस समय विवाद खड़ा हो गया जब पश्चिम बंगाल भाजपा के पूर्व अध्यक्ष घोष को एक कथित वीडियो क्लिप में तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी के पारिवारिक बैकग्राउंड का मजाक उड़ाते हुए सुना गया।

Sandeshkhali Case: 'एक पिता की तरह सुना दर्द...' संदेशखाली की महिलाओं से मिले PM मोदी, मुलाकात में भावुक हुईं पीड़िता

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।