विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (FPIs) ने एक बार फिर भारतीय शेयर बाजार से दूरी बनानी शुरू कर दी है। उन्होंने सितंबर में अब तक भारतीय शेयरों से 20,974 करोड़ रुपये निकाले हैं। वैश्विक स्तर पर बढ़ती अनिश्चितता, अमेरिका में ऊंची ब्याज दरें, बढ़ती बॉन्ड यील्ड, महंगा कच्चा तेल और कमजोर रुपया इसकी वजह हैं। सेंट्रल डिपॉजिटरी सर्विसेज लिमिटेड (CDSL) के आंकड़ों के अनुसार, सितंबर में हुई बिकवाली से पहले विदेशी निवेशकों ने जुलाई में भारतीय शेयरों में 20,200 करोड़ रुपये और अगस्त में 29,630 करोड़ रुपये का निवेश किया था। हालांकि, मार्च से जून तक लगातार 4 महीने भारतीय शेयरों में बिकवाली की थी।
