Get App

12 दिन में सिर्फ 2 दिन शेयर ग्रीन, IPO निवेशकों का पैसा हुआ आधा, इस कारण भारी दबाव

Stock in News: लिस्टिंग से लेकर अब तक 12 कारोबारी दिनों में सिर्फ दो दिन ग्रीन रहने वाला यह शेयर आईपीओ निवेशकों का लगभग आधा पैसा डुबो चुका है। ग्रे मार्केट से इसकी कमजोर लिस्टिंग के संकेत मिल तो रहे थे लेकिन मार्केट में इतना कमजोर हाल होगा, यह अंदाजा नहीं था। जानिए इसके शेयरों पर इतना भारी दबाव क्यों आया और अब किस बात पर नजर रहेगी

Jeevan Deep Vishawakarmaअपडेटेड Sep 20, 2026 पर 10:21 AM
12 दिन में सिर्फ 2 दिन शेयर ग्रीन, IPO निवेशकों का पैसा हुआ आधा, इस कारण भारी दबाव
टेलीकॉम सेक्टर से लेकर गैस पाइपलाइन के लिए EPC कंपनी Annu Projects के शेयरों ने निवेशकों को ऐसा झटका दिया कि आईपीओ निवेशक अब भी मुनाफे के लिए तरस रहे।

Annu Projects Share Price: टेलीकॉम सेक्टर से लेकर गैस पाइपलाइन के लिए EPC कंपनी अन्नू प्रोजेक्ट्स के शेयरों ने निवेशकों को ऐसा झटका दिया कि आईपीओ निवेशक अब भी मुनाफे के लिए तरस रहे। लिस्टिंग से लेकर अब तक महज 12 कारोबारी दिन हुए हैं और इनमें 8 कारोबारी दिन तो यह 5% के लोअर सर्किट पर बंद हुआ। सिर्फ यही नहीं रिकॉर्ड निचले स्तर से रिकवरी के बावजूद अब भी आईपीओ निवेशक 49% घाटे में हैं। लिस्टिंग के ही दिन इसने कमजोरी दिखाना शुरू कर दिया। एक अहम बात और है कि ग्रे मार्केट से इसकी कमजोर लिस्टिंग के संकेत मिल तो रहे थे लेकिन स्थिति इतनी बुरी होगी, इसका अंदाजा नहीं था।

ग्रे मार्केट में इसकी जीएमपी आईपीओ प्राइस से 7% प्रीमियम से 7% डिस्काउंट तक आई थी और मार्केट में इसकी 27% तक डिस्काउंट पर एंट्री हुई थी। इसके शेयर आईपीओ निवेशकों को ₹99 के भाव पर जारी हुए थे। अभी की बात करें तो 18 सितंबर को बीएसई पर यह 2.48% की बढ़त के साथ ₹50.48 के भाव पर बंद हुआ था। अब इसकी सर्किट लिमिट 20% है।

अब तक कैसा रहा शेयरों का सफर

अन्नू प्रोजेक्ट्स के शेयर आईपीओ निवेशकों को ₹99 के भाव पर जारी हुए थे। लिस्टिंग के दिन यानी 2 सितंबर को बीएसई पर इसकी ₹75 पर एंट्री हुई। भारी डिस्काउंट पर एंट्री के बाद शेयरों ने संभलने की कोशिश की थी और उछलकर यह ₹₹78.74 के अपर सर्किट तक पहुंचा था लेकिन फिर पहले ही दिन से मुनाफावसूली का जो दौर शुरू हुआ, उसने तीन हफ्ते से भी कम समय में आईपीओ निवेशकों की पूंजी आधी से भी कम कर दी। 17 सितंबर को बीएसई पर यह ₹46.56 के रिकॉर्ड निचले स्तर पर आ गया था जोकि आईपीओ प्राइस से 52.97% डाउनसाइड है। 12 कारोबारी दिनों में यह सिर्फ दो दिन 10 सितंबर और 18 सितंबर को ग्रीन जोन में बंद हुआ तो 8 दिन लोअर सर्किट पर।

सब समाचार

+ और भी पढ़ें