भारतीय रिज़र्व बैंक (The Reserve Bank of India (RBI) ने 17 मार्च को हाउसिंग डेवलमेंट फाइनेंस कॉर्पोरेशन लिमिटेड (Housing Development Finance Corporation Limited (HDFC) पर कुछ नियमों का पालन न करने के कारण 5 लाख रुपये का जुर्माना लगाया। आरबीआई ने कहा कि नेशनल हाउसिंग बैंक (National Housing Bank) द्वारा किए गए कंपनी के निरीक्षण से पता चला है कि कंपनी साल 2019-20 की अवधि के दौरान कुछ जमाकर्ताओं की परिपक्व जमा राशि (matured deposits) को उन जमाकर्ताओं के नामित बैंक खातों में ट्रांसफर करने में विफल रही।
इसके बाद कंपनी को एक नोटिस जारी किया गया था। इसमें उसे कारण बताओ नोटिस जारी किया गया था। इसमें पूछा गया था कि निर्देशों का पालन करने में विफलता के लिए उस पर जुर्माना क्यों न लगाया जाए। ऐसा आरबीआई ने कहा।
आरबीआई ने आगे कहा कि कंपनी के नोटिस के जवाब पर विचार करने के बाद आरबीआई इस निष्कर्ष पर पहुंचा कि निर्देशों का अनुपालन नहीं किये जाने के आरोप की पुष्टि हुई। इससे HDFC कंपनी पर आर्थिक जुर्माना लगाया गया।
यह कार्रवाई विनियामक अनुपालन (regulatory compliance) में कमियों के आधार पर की गई है। इसके अलावा कंपनी द्वारा अपने ग्राहकों के साथ किए गए किसी भी लेनदेन या समझौते की वैधता पर कुछ भी कहने का हमारा इरादा नहीं है। ये जानकारी आरबीआई ने दी है।
एक अलग प्रेस विज्ञप्ति में आरबीआई ने कहा कि उसने नियमों का अनुपालन नहीं करने के लिए आईजीएच होल्डिंग्स प्राइवेट लिमिटेड, मुंबई (IGH Holdings Private Limited, Mumbai) पर 11.25 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। कंपनी के निरीक्षण से पता चला कि कंपनी वित्तीय वर्ष 2020-21 के लिए अपने लाभ और हानि खाते में बताए गए शुद्ध लाभ का 20 प्रतिशत रिजर्व फंड में ट्रांसफर करने की वैधानिक आवश्यकता का पालन करने में विफल रही।
इसके साथ ही कंपनी ने सीआईसी (CIC) को भी कोई क्रेडिट जानकारी नहीं दी, जिसकी वह एक सदस्य थी। इसके बाद कंपनी को नोटिस जारी किया गया। आरबीआई ने कहा कि कंपनी के जवाब पर विचार करने के बाद, आरबीआई इस निष्कर्ष पर पहुंचा कि नियमों का अनुपालन नहीं हुआ और इसलिए कंपनी पर जुर्माना लगाया गया।