Vodafone Idea Share Price: वोडाफोन आइडिया का शेयर 19 मई को रॉकेट बन गया। इसकी वजह कंपनी के सीईओ का एक बयान है। कंपनी के सीईओ अभिजीत किशोर ने कहा है कि एसबीआई की अगुवाई वाले बैंकों के एक कंसोर्शियम से तेजी से बातचीत चल रहा है। इस कंसोर्शियम में सरकारी बैंक, प्राइवेट बैंक और कुछ विदेशी बैंक शामिल हैं। किशोर ने 18 मई को मार्च तिमाही के नतीजों के बाद अर्निंग्स कॉल में यह जानकारी दी।
कंपनी को बैंकों से जल्द लोन मिलने की उम्मीद
Vodafone Idea के सीईओ ने कहा कि कंपनी को उम्मीद है कि 35,000 करोड़ रुपये की फंडिंग को लेकर बातचीत जल्द पूरी हो जाएगी। उन्होंने कहा कि कई सालों तक एडजस्टेड ग्रॉस रेवेन्यू (AGR) के बकाया और वित्तीय दबाव के बाद कंपनी अपनी ब्रांड इमेज भी बदलना चाहती है। उन्होंने अगले तीन सालों में कंपनी की वित्तीय जिम्मेदारियों को पूरी करने का भी भरोसा जताया। उनका मानना है कि ज्यादा EBITDA, डेट फंडिंग, प्रमोटर के निवेश और टैक्स रिफंड्स के जरिए कंपनी अपनी जिम्मेदारियां पूरी करेगी।
कंपनी ने बनाया तीन सालों के लिए पूंजीगत खर्च का प्लान
वोडाफोन आइडिया कुल 35000 करोड़ रुपये के फंड के लिए बैंकों के कंसोर्शियम से बातचीत कर रही है। इसमें से 25,000 रुपये का लोन और 10,000 करोड़ रुपये की क्रेडिट लाइन शामिल होंगी। कंपनी ने अगले तीन साल के लिए बड़े कैपिटल एक्सपेंडिचर का प्लान बनाया है। इसके तहत अपने नेटवर्क का भी विस्तार करेगी। कंपनी 4जी और 5जी सेवाएं के लिए भी इक्विपमेंट खरीदना चाहती है।
एसबीआई सहित कई बैंकों से चल रही बातचीत
किशोर ने कहा, "हमने अगले तीन सालों के लिए 45,000 करोड़ रुपये पूंजीगत खर्च का प्लान बनाया है। इसके लिए हम 25,000 करोड़ रुपये की फंडेड फैसिलिटी और 10,000 करोड़ रुपये की नॉन-फंडेड फैसिलिटी चाहते हैं। हम इसके लिए एसबीआई की अगुवाई वाले कंसोर्शियम से बात पर रहे हैं। इसमें सरकार, प्राइवेट और विदेशी बैंक शामिल हैं। हमें बातचीत जल्द पूरी हो जाने की उम्मीद है।"
एक महीने में 43 फीसदी चढ़ा है शेयर
वोडाफोन आइडिया का शेयर 2:10 बजे 5.52 फीसदी के उछाल के साथ 13.57 रुपये पर चल रहा था। बीते एक महीने में यह शेयर 43 फीसदी से ज्यादा चढ़ा है। कंपनी ने 17 मई को मार्च तिमाही के नतीजों का ऐलान किया था। इस दौरान कंपनी को 51,970 रुपये का कंसॉलिडेटेड प्रॉफिट हुआ। एनालिस्ट्स ने कंपनी को मार्च तिमाही में लॉस का अनुमान लगाया था। कंपनी को यह मुनाफा वन-टाइम एजीआर लायबिलिटी रीएसेसेटमेंट की वजह से हुआ।