सोने और चांदी में 19 मार्च को बड़ी गिरावट दिखी। देश और विदेश दोनों में कीमती मेटल्स की कीमतें क्रैश कर गईं। भारत में कमोडिटी एक्सचेंज एमसीएक्स में सोने में तेज गिरावट आई। गोल्ड फ्यूचर्स 6 फीसदी से ज्यादा क्रैश कर गया। सिल्वर फ्यूचर्स में तो करीब 11 फीसदी गिरावट आई। उधर, विदेश में स्पॉट गोल्ड 5 फीसदी गिरकर 4561 डॉलर प्रति औंस पर आ गया। सिल्वर 9.96 फीसदी लुढ़कर कर 67 डॉलर प्रति औंस पर आ गया।
गोल्ड फ्यूचर्स और सिल्वर फ्यूचर्स में बड़ी गिरावट
MCX पर शाम के कारोबार में 7:16 बजे गोल्ड फ्यूचर्स 6.60 फीसदी यानी 10,200 गिरकर 1,42,826 रुपये प्रति 10 ग्राम चल रहा था। सिल्वर फ्यूचर्स 11.13 फीसदी यानी 28,124 रुपये गिरकर 2,20, 178 रुपये प्रति किलो चल रहा था। इस गिरावट से निवेशकों में घबराहट है।
गोल्ड की कीमतों में इन वजहों से आई गिरावट
एक्सपर्ट्स का कहना है कि अमेरिकी केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व ने 18 मार्च को इंटरेस्ट रेट में कमी नहीं की। इसका असर गोल्ड की कीमतों पर पड़ा है। इसके अलावा डॉलर में मजबूती से भी सोने की चमक घटी है। डॉलर मजबूत होने से दूसरी करेंसी में गोल्ड खरीदना महंगा हो जाता है। इसके अलावा क्रूड में उछाल का असर भी कीमती मेटल्स पर पड़ा है।
ब्रेंट क्रूड में उछाल से इनवेस्टर्स सेंटिमेंट कमजोर
ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमतें एक समय 120 डॉलर प्रति बैरल चली गई थी। हालांकि, बाद में इसमें कुछ नरमी आई। इसकी वजह 18 मार्च को ईरान के ऑयल इंफ्रास्ट्रक्चर पर इजरायल का हमला है। इस हमले में काफी नुकसान पहुंचा है। ईरान ने जवाबी हमले की धमकी दी है। उसने कहा है कि वह खाड़ी देशों में ऑयल इंफ्रास्ट्रक्चर को निशाना बनाएगा।
गोल्ड की कीमतें 35,000 डॉलर तक गिरने का अनुमान
एक दिन पहले ही मशहूर किताब 'रिच डैड पुअर डैड' के लेखर रॉबर्ट कियोसाकी ने गोल्ड की कीमतों में बड़ी गिरावट का अनुमान जताया था। उन्होंने कहा था कि गोल्ड एक साल के अंदर 35,000 डॉलर प्रति औंस तक गिर जाएगा। हालांकि, उन्होने चांदी की कीमतें 200 डॉलर प्रति औंस तक पहुंच जाने की उम्मीद जताई है।
मध्यपूर्व में लड़ाई शुरू होने के बाद से सोने और चांदी में गिरावट
आम तौर पर जियोपॉलिटिकल टेंशन बढ़ने पर गोल्ड की कीमतों में तेजी दिखती है। लेकिन, इस बार ऐसा नहीं हो रहा। 28 फरवरी को अमेरिका-इजरायल ने ईरान पर हमले किए। जवाब में ईरान ने इजरायल पर हमले किए। तब से यह लड़ाई पूरे खाड़ी इलाके में फैल गई है। लड़ाई शुरू होने के बाद से सोने और चांदी में गिरावट देखने को मिली है। इधर, 19 मार्च को शेयर बाजार में भी बड़ी गिरावट आई।