Vaibhav Sooryavanshi: बिहार के 14 वर्षीय युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को एक खास सम्मान मिला। वैभव सूर्यवंशी को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कार से सम्मानित किया है। विजय हजारे ट्रॉफी में बिहार की तरफ से खेलते हुए वैभव ने अरुणाचल प्रदेश के खिलाफ 190 रन की शानदार पारी खेली। पुरस्कार समारोह में जाने की वहज से वैभव मणिपुर के खिलाफ होने वाला मुकाबला नहीं खेल पाए। आईपीएल में वैभव सूर्यवंशी राजस्थान रॉयल्स की ओर से खेलते हैं।
राष्ट्रीय बाल पुरस्कार भारत का सर्वोच्च नागरिक सम्मान मिला, जो बच्चों (5-18 साल) के लिए है। ये अवॉर्ड खेल, बहादुरी, इनोवेशन, साइंस, समाज सेवा और संस्कृति जैसे क्षेत्रों में असाधारण उपलब्धियों के लिए दिया जाता है।
राष्ट्रपति ने की बच्चों की तारीफ
वैभव सूर्यवंशी उन 20 युवा खिलाड़ियों में शामिल थे, जिन्हें इस समारोह में सम्मान मिला। कार्यक्रम के दौरान पुरस्कार पाने वाले बच्चों को संबोधित करते हुए राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने उनकी सराहना की और कहा कि ऐसे बच्चे पूरे देश के लिए प्रेरणा हैं।उन्होंने कहा, “आपकी कामयाबियां पूरे देश को इंस्पायर करती हैं। आज सम्मानित किया गया हर बच्चा उतना ही जरूरी और कीमती है। ऐसे टैलेंटेड बच्चों की वजह से ही भारत ग्लोबल स्टेज पर चमकता रहता है।”
राष्ट्रीय बाल पुरस्कार से सम्मानित होने वाले बच्चों को राष्ट्रपति की ओर से एक मेडल, प्रमाण पत्र और प्रशस्ति पत्र दिया जाता है। इसके साथ ही 1 लाख रुपये की नकद राशि भी मिलती है। इसके अलावा उन्हें गणतंत्र दिवस परेड में शामिल होने का मौका भी दिया जाता है।
वैभव ने बनाई अपनी खास पहचान
अरुणाचल प्रदेश के खिलाफ शतक लगाने वाले वैभव सूर्यवंशी इस सीजन में विजय हजारे ट्रॉफी के बाकि के मैच नहीं खेलेंगे। क्योंकि साउथ अफ्रीका के खिलाफ तीन वनडे मैचों की सीरीज के बाद उन्हें 15 जनवरी से शुरू होने वाले अंडर-19 वर्ल्ड कप में भी हिस्सा लेना है। महज 14 साल की उम्र में वैभव सूर्यवंशी ने घरेलू क्रिकेट के साथ-साथ अंडर-19 लेवल पर भारत के लिए शानदार प्रदर्शन कर इंटरनेशनल मंच पर अपनी पहचान बनाई है। आईपीएल 2025 में राजस्थान रॉयल्स की ओर से खेलते हुए वैभव ने आक्रामक अंदाज में शतक जड़कर क्रिकेट जगत में हलचल मचा दी थी।