मुंबई के एक स्टार्टअप फाउंडर का कर्मचारियों को लेकर अपनाया गया अलग नजरिया इन दिनों सोशल मीडिया पर खूब चर्चा बटोर रहा है। आमतौर पर खराब प्रदर्शन करने वाले कर्मचारियों पर कार्रवाई, चेतावनी या नौकरी का दबाव देखने को मिलता है, लेकिन ब्लू लॉब्स्टर मीडिया के फाउंडर ध्रुव मुखर्जी ने इससे अलग फैसला लिया। उन्होंने गलती करने वाली कर्मचारी को सजा देने के बजाय उसे खुद को सुधारने और दोबारा बेहतर प्रदर्शन करने का मौका दिया। उनके इस कदम ने वर्क कल्चर, लीडरशिप और कर्मचारियों के प्रति संवेदनशीलता को लेकर नई बहस शुरू कर दी है। कई लोगों ने इसे सकारात्मक नेतृत्व का उदाहरण बताया, जबकि कुछ ने इसे बिजनेस के नजरिए से भी परखा। इस घटना ने एक बार फिर सवाल खड़ा किया है कि क्या सहानुभूति और भरोसा किसी कर्मचारी के प्रदर्शन को बेहतर बनाने में बड़ी भूमिका निभा सकते हैं?
