Iran’s President Masoud Pezeshkian: ईरान और अमेरिका-इजरायल के बीच जारी युद्ध के 12वें दिन ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने पहली बार शांति के लिए अपनी शर्तें दुनिया के सामने रखी हैं। रूस और पाकिस्तान के नेताओं से बातचीत के बाद पेजेशकियान ने स्पष्ट किया कि ईरान शांति चाहता है, लेकिन इसके लिए अमेरिका और इजरायल को कुछ कड़े कदम उठाने होंगे।
शांति के लिए पेजेशकियान की 3 मुख्य शर्तें
ईरानी राष्ट्रपति ने सोशल मीडिया और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर युद्ध विराम के लिए निम्नलिखित मांगें रखी हैं:
अधिकारों की मान्यता: ईरान के 'वैध अधिकारों' को वैश्विक स्तर पर स्वीकार किया जाए।
हर्जाने का भुगतान: युद्ध में हुए जान-माल के नुकसान के लिए अमेरिका और इजरायल द्वारा मुआवजे का भुगतान किया जाए।
सुरक्षा गारंटी: भविष्य में ईरान पर दोबारा हमला न हो, इसके लिए मजबूत अंतरराष्ट्रीय गारंटी दी जाए।
पेजेशकियान ने आरोप लगाया कि इस युद्ध की आग अमेरिका और 'जायोनी शासन' यानी इजरायल ने सुलगाई है।
'दुनिया की अर्थव्यवस्था बर्बाद कर देंगे'
ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड्स के सलाहकार अली फदवी ने चेतावनी दी है कि ईरान एक लंबे युद्ध के लिए तैयार है। उन्होंने कहा, 'अमेरिका और इजरायल को तैयार रहना चाहिए कि यह लंबा युद्ध न केवल उनकी बल्कि पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था को नष्ट कर सकता है।'
होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजों पर हमला
तनाव के बीच ईरान ने 'होर्मुज जलडमरूमध्य' में दो व्यापारिक जहाजों लाइबेरिया के मालवाहक जहाज 'एक्सप्रेस रोम' और थाईलैंड के जहाज 'मयूरी नारी' को निशाना बनाया। ईरान का दावा है कि इन जहाजों ने चेतावनी के बावजूद जलमार्ग में प्रवेश किया। हमले के बाद ओमान की नौसेना ने 20 चालक दल के सदस्यों को बचा लिया है, जबकि 3 नाविक अब भी लापता हैं। थाई नौसेना द्वारा जारी तस्वीरों में जहाज से गहरा काला धुआं निकलता देखा गया है।
होर्मुज के रास्ते में बाधा आने से दुनिया भर में तेल और गैस की सप्लाई प्रभावित हुई है। इस संकट से निपटने के लिए इंटरनेशनल एनर्जी एजेंसी (IEA) ने अपने सदस्य देशों के सामरिक भंडार से 40 करोड़ बैरल तेल जारी करने का फैसला किया है। IEA के कार्यकारी निदेशक फातिह बिरोल ने कहा कि तेल जारी करना अस्थायी समाधान है, स्थायी स्थिरता तभी आएगी जब होर्मुज का रास्ता खुलेगा।
'युद्ध जल्द खत्म होगा': ट्रंप
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने व्हाइट हाउस में संवाददाताओं से कहा कि तेल टैंकरों के लिए बहुत जल्द 'बड़ी सुरक्षा' सुनिश्चित की जाएगी। एक इंटरव्यू में ट्रंप ने दावा किया कि युद्ध 'जल्द' खत्म हो सकता है क्योंकि अमेरिकी सेना के पास अब ईरान में निशाना बनाने के लिए 'व्यावहारिक रूप से कुछ भी नहीं बचा है'।