Get App

UAE का अमेरिका को अल्टीमेटम- 'अगर डॉलर कम पड़े तो युआन में करेंगे कारोबार', ट्रंप के फैसलों पर फोड़ा ठीकरा

UAE Iran War Economy: UAE के अधिकारियों ने अपने अमेरिकी समकक्षों से कहा कि राष्ट्रपति ट्रंप के ईरान पर सैन्य कार्रवाई के फैसले ने पूरे क्षेत्र की स्थिरता को खतरे में डाल दिया है। अधिकारियों का कहना है कि वे इस युद्ध का हिस्सा नहीं बनना चाहते थे, लेकिन अमेरिकी फैसलों ने उन्हें इसमें घसीट लिया है

Curated By: Abhishek Guptaअपडेटेड Apr 20, 2026 पर 10:04 AM
UAE का अमेरिका को अल्टीमेटम- 'अगर डॉलर कम पड़े तो युआन में करेंगे कारोबार', ट्रंप के फैसलों पर फोड़ा ठीकरा
UAE ने कहा है कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा ईरान पर हमले के फैसले ने उसे संकट में धकेल दिया है

UAE Warns Trump: ईरान और अमेरिका के बीच चल रहे युद्ध की आंच ने खाड़ी देशों की अर्थव्यवस्था को झुलसा दिया है। युद्ध के न थमने के आसार के बीच संयुक्त अरब अमीरात (UAE) ने अमेरिका को कड़ी चेतावनी दी है। UAE ने कहा है कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा ईरान पर हमले के फैसले ने उसे एक ऐसे संकट में धकेल दिया है, जिसके लंबे आर्थिक परिणाम हो सकते हैं। 'द वॉल स्ट्रीट जर्नल' की रिपोर्ट के अनुसार, UAE अब डॉलर के विकल्प के तौर पर चीनी मुद्रा युआन के इस्तेमाल पर विचार कर रहा है।

डॉलर की कमी हुई, तो 'युआन' बनेगा सहारा

वॉशिंगटन में हुई एक हाई-लेवल मीटिंग में UAE के सेंट्रल बैंक गवर्नर खालिद मोहम्मद बलामा ने अमेरिकी ट्रेजरी सचिव स्कॉट बेसेन्ट के सामने अपनी चिंताएं रखीं। युद्ध के कारण तेल की सप्लाई बाधित हुई है, जिससे UAE की डॉलर में होने वाली कमाई घट गई है। UAE ने स्पष्ट किया कि अगर बाजार में डॉलर की कमी बनी रहती है, तो वह तेल की बिक्री और अन्य अंतरराष्ट्रीय लेन-देन के लिए चीनी युआन का इस्तेमाल शुरू कर सकता है।

ट्रंप के फैसलों पर उठाए सवाल

सब समाचार

+ और भी पढ़ें