पाम ऑयल की कीमतें 2024 में 22 फीसदी बढ़ी हैं। इससे इंडिया का इंपोर्ट बिल भी बढ़ा है। इसकी वजह यह है कि इंडिया में खाद्य तेलों की कुल खपत में पाम ऑयल की बड़ी हिस्सेदारी है। इंडिया में सालाना 2.3-2.5 करोड़ टन खाद्य तेल की खपत होती है। इसमें से करीब 1.5 से 1.6 करोड़ टन खाद्य तेलों का आयात होता है। इसमें पाम ऑयल की हिस्सेदारी करीब 80 लाख से एक करोड़ टन तक है।
