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BUDGET 2022: मनरेगा के लिए अपर्याप्त बजट आवंटन से बढ़ेगी कोरोना से बदहाल अर्थव्यवस्था की मुश्किल

वित्त मंत्री हालात को देखते हुए इस बार बजट में मनरेगा के लिए आवंटन बढ़ाएंगी। पिछले साल 1 फरवरी को निर्मला सीतारमण ने वित्त वर्ष 2021-22 के लिए 73,000 करोड़ रुपये का आवंटन मनरेगा के लिए किया था।

MoneyControl Newsअपडेटेड Jan 18, 2022 पर 5:00 PM
BUDGET 2022: मनरेगा के लिए अपर्याप्त बजट आवंटन से बढ़ेगी कोरोना से बदहाल अर्थव्यवस्था की मुश्किल
यह स्कीम ग्रामीण इलाकों के लोगों के लिए बहुत फायदेमंद रही है। खासकर कोरोना के बाद घर लौटे प्रवासियों को इस योजना से बहुत लाभ हुआ है।

अर्थव्यवस्था (Economy) को कोरोना ने बहुत चोट पहुंचाई है। हालांकि, धीरे-धीरे हालात में सुधार आ रहे हैं। अर्थव्यवस्था पटरी पर लौट रही है। रिजर्व बैंक (RBI) ने भी अपनी मंथली रिपोर्ट में कहा है कि कोरोना की तीसरी लहर का आर्थिक गतिविधियों पर ज्यादा असर नहीं पड़ा है। फिर भी, जानकारों का मानना है कि अब भी ग्रामीण इलाकों में रोजगार के मौकों का अभाव है। ऐसे में बजट में मनरेगा (MGNREGA) के लिए ज्यादा आवंटन जरूरी है। वित्त मंत्री निर्मला (Nirmala Sitharaman) सीतारमण 1 फरवरी को बजट (Budget 2022) पेश करेंगी।

मनरेगा के तहत ग्रामीण इलाकों में सरकार लोगों को रोजगार के मौके उपलब्ध कराती है। इस स्कीम का लक्ष्य एक साल में कम से कम 100 दिन का रोजगार सुनिश्चित करना है। यह स्कीम ग्रामीण इलाकों के लोगों के लिए बहुत फायदेमंद रही है। खासकर कोरोना के बाद घर लौटे प्रवासियों (Migrant labourers) को इस योजना से बहुत लाभ हुआ है। साल 2020 में मार्च के आखिर में देशभर में लॉकडाउन लगा था। इसके बाद देश के बड़े शहरों से मजदूरों का पलायन हुआ। रोजगार के मौके खत्म हो जाने से मजदूर अपने घर लौटने को मजबूर हो गए थे। उन्हें मनरेगा के तहत रोजगार मिला था।

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माना जा रहा है कि वित्त मंत्री हालात को देखते हुए इस बार बजट में मनरेगा के लिए आवंटन बढ़ाएंगी। पिछले साल 1 फरवरी को निर्मला सीतारमण ने वित्त वर्ष 2021-22 के लिए 73,000 करोड़ रुपये का आवंटन मनरेगा के लिए किया था। बाद में इसमें और 22,000 करोड़ रुपये की वृद्धि की गई है। हालांकि, बजट में शुरुआत में आवंटित रकम वित्त वर्ष 2020-21 के लिए 61,500 करोड़ रुपये के बजट आवंटन से ज्यादा थी। लेकिन मनरेगा के लिए 1,11,500 करोड़ रुपये के संशोधित अनुमान से काफी कम थी।

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