Budget 2024: क्या वित्तमंत्री हेल्थ के लिए ऐलोकेशन बढ़ाएंगी, अभी हेल्थ पर जीडीपी का सिर्फ 0.28% खर्च करती है सरकार

Budget 2024: मनीकंट्रोल के विश्लेषण से पता चला है कि हेल्थ पर सरकार का खर्च बहुत कम है। पिछले एक दशक से ज्यादा समय से इसमें बड़ा बदलाव नहीं आया है। कोविड की महामारी के दौरान सरकार का हेल्थ पर खर्च बढ़ा था। लेकिन, उसके बाद घटा है

अपडेटेड Jul 03, 2024 पर 11:22 AM
Story continues below Advertisement
Budget 2024: इस साल 1 फरवरी को पेश अंतरिम बजट में सरकार ने हेल्थ के लिए 90,658 करोड़ रुपये का ऐलोकेशन किया था।

वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण यूनियन बजट में हेल्थ के लिए ऐलोकेशन बढ़ा सकती हैं। एक दशक से ज्यादा समय से स्वास्थ पर सरकार का खर्च स्थिर बना हुआ है। हेल्थ पर सरकार का खर्च जीडीपी का सिर्फ 0.3 फीसदी है। मनीकंट्रोल के एनालिसिस से इसका पता चला है। स्टडी से पता चला है कि कोविड की महामारी के दौरान हेल्थ पर खर्च बढ़कर जीडीपी के 0.41 फीसदी तक पहुंच गया था। लेकिन, उसके बाद से यह घटकर 0.28 फीसदी पर आ गया है।

हेल्थ पर पूंजीगत खर्च भी नहीं बढ़ा है

हेल्थ पर पूंजीगत खर्च में भी बदलाव नहीं दिखा है। FY22 और FY24 के बीच यह औसतन 3.7 फीसदी रहा है। इस दौरान हेल्थ पर कुल खर्च में नेशनल हेल्थ मिशन (National Health Missio) की हिस्सेदारी में भी कमी आई है। यह हेल्थ मिनिस्ट्री का काफी महत्वपूर्ण प्रोग्राम है।


कुल खर्च में एनएचएम की हिस्सेदारी घटी

हेल्थ पर कुल खर्च में नेशनल हेल्थ मिशन (NHM) की हिस्सेदारी कोविड से पहले 60 फीसदी से ज्यादा थी। यह घटकर 54.6 फीसदी रह गई है। FY24 में यह एक दशक में सबसे कम रही। एनएचएम केंद्र सरकार की स्कीम है। इसे लागू करने की जिम्मेदारी राज्यों पर है। इस पर आने वाले खर्च को केंद्र और राज्य सरकारें मिलकर उठाती हैं। इससे पहले मनीकंट्रोल ने खबर दी थी कि केंद्र सरकार की योजनाओं की हिस्सेदारी कुल खर्च में घट रही है।

पीएम जन आरोग्य योजना पर बढ़ा है खर्च

FY19 और FY24 के बीच एनएचएम पर होने वाले खर्च की कंपाउंडेड एनुएल ग्रोथ (CAGR) 5.2 फीसदी रही है। लेकिन, इस दौरान एनएचएम के तहत आने वाली प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के खर्च की ग्रोथ 27.7 फीसदी रही है। FY24 में पीएम-जेएवाय पर कुल खर्च 6,800 करोड़ रुपये रहा, जबकि FY19 में यह 2,000 करोड़ रुपये था। इस स्कीम के तहत लोगों को कैशलेस इलाज की सुविधा मिलती है। इस स्कीम के तहत एक परिवार को सालाना 5 लाख रुपये का हेल्थ कवर हासिल है।

यह भी पढ़ें: Union Budget 2024: सैलरीड टैक्सपेयर्स को ज्यादा स्टैंडर्ड डिडक्शन सहित निर्मला सीतारमण के बजट से ये हैं उम्मीदें

पीएम जन आरोयग्य का लाभ उठाने में दक्षिण के राज्य आगे

PM-JAY डैशबोर्ड के मुताबिक, इस स्कीम के तहत हॉस्पिटल्स में 6.86 करोड़ एडमिशन हुए हैं। इसमें से 19 लाख तो बीते 30 दिनों में हुए हैं। दक्षिण के राज्यों ने इस स्कीम का ज्यादा फायदा उठाया है। तमिलनाडु में 90 लाख एडमिशन हुए, जबकि कर्नाटक में यह संख्या 66 लाख है। अंतरिम बजट में सरकार ने हेल्थ के लिए 90,658 करोड़ रुपये का ऐलोकेशन किया था। हेल्थ पर पूंजीगत खर्च 4.8 फीसदी बढ़ने का अनुमान है। एक साल पहले यह 3.4 फीसदी बढ़ा था।

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।