दिग्गज सरकारी कंपनियों राष्ट्रीय केमिकल्स एंड फर्टिलाइजर्स (RCF) और नेशनल फर्टिलाइजर्स लिमिटेड (NFL) में सरकारी हिस्सेदारी इस तिमाही भी कम नहीं होगी। यह जानकारी दो सूत्रों के जरिए मनीकंट्रोल को मिली है। जानकारी के मुताबिक इन दोनों खाद कंपनियों के लिए ऑफर फॉर सेल (OFS) अभी नहीं आने वाला है। इसकी वजह ये है कि निवेशकों की तरफ से खास दिलचस्पी नहीं दिख रही है और ट्रांजैक्शन एडवाइजर्स ने दीपम (डिपार्टमेंट ऑफ इनवेस्टमेंट एंड पब्लिक एसेट मैनेजमेंट) को इस बारे में बता दिया है। वित्त मंत्रालय आरसीएफ में 10 फीसदी और एनएफएल में 20 फीसदी हिस्सेदारी घटाने की कोशिश कर रही है। इन दोनों में सरकार अपने हिस्से के 1200 करोड़ रुपये के शेयर बेचना चाहती है। केंद्र सरकार की योजना वित्त वर्ष 2023-24 में विनिवेश के जरिए 51 हजार करोड़ रुपये जुटाने की है। अभी तक यह महज 5601 करोड़ रुपये ही जुटाने की है।
