Get App

Jet Airways के उड़ान भरने में हो सकती है देर, जानिए कहां फंस रहा है मामला

जालान कालरॉक कंसोर्शियम (JKC) ने जेट एयरवेज के लिए सफल बोली लगाई थी। उसने कमेटी ऑफ क्रेडिटर्स (CoC) को 350 करोड़ रुपये के पेमेंट के लिए और वक्त मांगा है। उसने नेशनल कंपनी लॉ एपेलेट ट्राइब्यूनल (NCLAT) में अप्लिकेशन दिया है। इसमें उसने कहा है कि CoC ने 31 अगस्त तक यह पैसा चुकाने को कहा था। लेकिन, उसे पेमेंट के लिए थोड़ा और वक्त चाहिए

MoneyControl Newsअपडेटेड Aug 19, 2023 पर 10:00 AM
Jet Airways के उड़ान भरने में हो सकती है देर, जानिए कहां फंस रहा है मामला
Jet Airways की सेवाएं अप्रैल 2019 में बंद हो गई थी। कंपनी के पास सेवाएं जारी रखने के लिए पैसे नहीं थे। कंपनी पर कर्ज का बोझ बढ़कर करीब 8,000 करोड़ रुपये तक पहुंच गया था।

Jet Airways के लिए सफल बोली लगाने वाले जालान कालरॉक कंसोर्शियम (JKC) ने कमेटी ऑफ क्रेडिटर्स (CoC) को 350 करोड़ रुपये के पेमेंट के लिए और वक्त मांगा है। उसने नेशनल कंपनी लॉ एपेलेट ट्राइब्यूनल (NCLAT) में अप्लिकेशन दिया है। इसमें उसने कहा है कि CoC ने 31 अगस्त तक यह पैसा चुकाने को कहा था। लेकिन, उसे पेमेंट के लिए थोड़ा और वक्त चाहिए। NCLAT ने जेकेसी को इस मामले की अगली सुनवाई के लिए 21 अगस्त की तारीख तय कर दी है। 18 अगस्त को मामले की सुनवाई के दौरान वरिष्ठ वकील रविशंकर प्रसाद ने ट्राइब्यूनल में JKC का पक्ष रखा।

100 करोड़ का पेमेंट 31 अगस्त तक करने को तैयार

रविशंकर प्रसाद ने बताया कि जेकेसी 100 करोड़ रुपये का पेमेंट 31 अगस्त तक कर देगा। 100 करोड़ रुयये का पेमेंट 30 सितंबर तक कर दिया जाएगा। जेकेसी के मुताबिक, बैंक गारंटी CoC के पक्ष में है, जिसके तहत वह कुल 350 करोड़ रुपये को भुना (encash) सकती है। जेकेसी ने सीओसी से कहा है कि एयरलाइंस की मैक्सिमम ओनरशिप उसे मिलनी चाहिए।

350 करोड़ के पेमेंट के बाद ही शेयर ट्रांसफर की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी

सब समाचार

+ और भी पढ़ें