iPhone in India: कर्नाटक के देवानाहल्ली प्लांट में एपल (Apple) के आईफोन (iPhone) को बनाने की तैयारी जोरों से चल रही है। ताइवान की कांट्रैक्ट मैनुफैक्चरिंग कंपनी फॉक्सकॉन (Foxconn) की योजना कर्नाटक के बेंगलुरु ग्रामीण जिले में स्थित देवानाहल्ली प्लांट में अप्रैल 2024 से आईफोन बनाने की है। बेंगलुरु ग्रामीण में आईफोन बनाने की योजना एक कदम और आगे बढ़ चुकी है और कर्नाटक सरकार की योजना 1 जुलाई तक कंपनी को लैंड दे देने की है। यह जानकारी राज्य के हैवी एंड मीडियम इंडस्ट्रीज मिनिस्टर एमबी पाटिल ने दी। फॉक्सकॉन की योजना देवानाहल्ली प्लांट का निर्माण तीन चरणों में पूरा करने की है और इन तीनों चरणों के पूरा होने के बाद सालाना 2 करोड़ आईफोन बनाने की है। फॉक्सकॉन के पास एपल आईफोन बनाने का कांट्रैक्ट है और भारत में फॉक्सकॉन यह काम अपनी सब्सिडियरी होन हाई टेक्नोलॉजी इंडिया मेगा डेवलपमेंट प्राइवेट लिमिटेड के जरिए करेगी।
पाटिल के मुताबिक सरकार ने 13600 करोड़ रुपये के इस प्रोजेक्ट में तेजी लाने का फैसला किया है। इस प्रोजेक्ट के जरिए करीब 50 हजार लोगों को रोजगार मिलेगा। इस प्रोजेक्ट के लिए बेंगलुरु अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के पास देवानाहल्ली तालुक में डोड्डाबल्लापुर में इनफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी इनवेस्टमेंट रीजन (ITIR) इंडस्ट्रियल एरिया में 300 एकड़ जमीन निर्धारित की गई है।
इस जमीन के लिए कंपनी पहले ही 90 करोड़ रुपये की कीमत का करीब 30 फीसदी कर्नाटक इंडस्ट्रियल एरियाज डेवलपमेंट बोर्ड को दे चुकी है। कंपनी का लक्ष्य इस प्लांट से 1 अप्रैल 2024 से प्रोडक्शन शुरू करने की है तो इसे देखते हुए राज्य सरकार ने 1 जुलाई तक कंपनी जमीन देने का फैसला किया है। कंपनी पिछले महीने 9 मई को यह जमीन खरीदी थी जिसका खुलासा लंदन स्टॉक एक्सचेंज के पास फाइलिंग से हुआ।
रोजगार के लिए वर्कफोर्स तैयार करेगी कर्नाटक सरकार
पाटिल के मुताबिक कंपनी ने 5 MLD (मिलियन लीटर प्रति दिन, 1 मिलियन= 10 लाख) पानी की जरूरत बताई है और सरकार इसे मुहैया कराएगी। इसके अलावा सरकार ने इलेक्ट्रिसिटी, रोड कनेक्टिविटी और बाकी फैसिलिटीज समेत जरूरी इंफ्रास्ट्रक्चर भी मुहैया कराने को लेकर प्रतिबद्धता जताई है। राज्य सरकार का यह भी कहना है कि कंपनी को स्किल्ड एंप्लॉयीज की भी जरूरत पड़ेगी और इसके लिए कंपनी की जरूरतों के मुताबिक मैनपावर को तैयार किया जाएगा और जरूरी स्किल ट्रेनिंग दी जाएगी। बता दें कि फॉक्सकॉन और कर्नाटक सरकार के बीच 20 मार्च को एमओयू साइन हुए थे। इसके तहत कंपनी ने राज्य में 8 हजार करोड़ रुपये के निवेश की बात कहा था जिससे राज्य में रोजगार के 50 हजार मौके तैयार होंगे।