करीब 90 फीसदी से भी अधिक फ्रेशर्स ने विप्रो (Wipro) की ओर से कम सैलरी पर काम करने के दिए ऑफर को स्वीकार कर लिया है, ताकि उन्हें जल्द से जल्द ज्वाइनिंग मिल सके। इकोनॉमिक टाइम्स की एक रिपोर्ट में आईटी कंपनी के सीनियर अधिकारियों के हवाले से यह जानकारी दी गई है। बता दें कि विप्रो इसी साल फरवरी में फ्रेशर्स को लगभग आधी सैलरी पर काम करने के ऑफर पर विचार करने को कहा था। उस वक्त विप्रो का यह ऑफर काफी सुर्खियों में रहा था। विप्रो ने जिन उम्मीदवारों को पहले 6.5 लाख रुपये सालाना के सैलरी पैकेज पर काम करने को ऑफर दिया था, उनसे लेटर लिखकर पूछा था कि क्या वह 3.5 लाख रुपये सालाना की सैलरी पैकेज पर काम करने को तैयार हैं।
