फिनटेक यूनीकॉर्न भारतपे (BharatPe) अब ऑनलाइन पेमेंट एग्रीगेटर (PA) के तौर पर काम कर सकेगी। इसके लिए उसे केंद्रीय बैंक RBI से मंजूरी मिल चुकी है। यह मंजूरी भारतपे की 100 फीसदी हिस्सेदारी वाली सब्सिडियरी रीसाइलेंट पेमेंट्स प्राइवेट लिमिटेड (Resilient Payments Private Limited) को मिली है। इससे पहले पिछले साल दिसंबर में डिजिटल पेमेंट प्रोसेसिंग फर्म वर्ल्डलाइन ईपेमेंट्स इंडिया (Worldline ePayments India) और फिनटेक स्टार्टअप पेशार्प (Paysharp) को भी पेमेंट एग्रीगेटर के लिए आरबीआई से इन-प्रिंसिपल ऑथराइजेशन मिला था। पिछले कुछ महीने में ओपन (Open), इंफीबीम (Infibeam) और कैशफ्री (Cashfree) जैसी कुछ और फिनटेक कंपनियों को भी इसका लाइसेंस मिल चुका है।
