टाटा ग्रुप (Tata Group) ने ऑटो कंपोनेंट्स मैन्युफैक्चरिंग बिजनेस में लगी टाटा ऑटोकॉम्प सिस्टम्स (Tata Autocomp Systems or TACO) को सूचीबद्ध करने के लिए बातचीत शुरू कर दी है। औपचारिक प्रक्रिया इस साल के अंत में शुरू होने की उम्मीद है। यह जानकारी मनीकंट्रोल को सोर्सेज से मिली है। मामले की जानकारी रखने वालों का कहना है कि बातचीत शुरुआती दौर में है और फिलहाल टाटा समूह की उन एंटिटीज पर केंद्रित है, जो कंपनी में अपनी हिस्सेदारी बेचेंगे। साथ ही IPO में भी शेयर बिक्री के लिए रखेंगे। TACO, टाटा समूह की एंटिटीज के पूर्ण मालिकाना हक वाली कंपनी है।
इसकी डायरेक्ट होल्डिंग टाटा संस के पास है। टाटा संस की TACO में लगभग 21 प्रतिशत हिस्सेदारी है, जबकि बाकी हिस्सेदारी टाटा इंडस्ट्रीज लिमिटेड के पास है। TACO की स्थापना 1995 में हुई थी।
पहले भी बनाया था IPO लाने का मन
2011 में टाटा समूह ने पूंजी बाजार से TACO के लिए IPO के जरिए 750 करोड़ रुपये जुटाने की योजना बनाई थी और इसके लिए उसे मार्केट रेगुलेटर सेबी की मंजूरी भी मिल गई थी। समूह ने बाद में संभावित रूप से प्रतिकूल बाजार स्थितियों के कारण IPO वापस ले लिया, हालांकि उस समय उसने कोई कारण नहीं बताया था। मामले से वाकिफ एक व्यक्ति का कहना है कि बाजार की स्थितियां अब बहुत बेहतर हैं और एक कंपनी के रूप में TACO ने एक लंबा सफर तय किया है। यह निश्चित है कि IPO इस बार सफल होगा, लेकिन अन्य डिटेल्स जैसे कि टाटा समूह की कौन सी एंटिटी हिस्सेदारी बेचेगी और कितनी मात्रा में हिस्सेदारी बेचेगी, इसका सावधानीपूर्वक मूल्यांकन करने की जरूरत है।
आगे कहा कि यह भी हो सकता है कि टाटा समूह, IPO से पहले एक निवेशक लाना चाहे जैसा कि उसने टाटा टेक्नोलोजिज के मामले में किया था। टाटा टेक्नोलोजिज के IPO से पहले टाटा मोटर्स ने अपनी हिस्सेदारी का एक हिस्सा वैश्विक निजी इक्विटी फंड टीपीजी समूह को बेच दिया था।
वित्तीय तौर पर कितनी मजबूत
TACO ऑटो कंपोनेंट उद्योग की एक दिग्गज कंपनी है। यह इंटीरियर प्लास्टिक और कंपोजिट, रेडिएटर, एग्जॉस्ट सिस्टम, बैटरी, स्टांपिंग, सस्पेंशन, सीटिंग, मिरर असेंबली, ईवी पावरट्रेन, ईवी बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम, इंजन कूलिंग सिस्टम जैसे प्रोडक्ट सेगमेंट में मौजूद है। कंपनी की कॉर्पोरेट फाइलिंग के अनुसार, वित्त वर्ष 2023 के दौरान कंपनी का रेवेन्यू लगभग 57 प्रतिशत बढ़कर 14,372 करोड़ रुपये हो गया। ऐसे स्टैंडअलोन बेसिस पर और सब्सिडियरीज व जॉइंट वेंचर पार्टनरशिप्स में मजबूत वॉल्यूम ग्रोथ के कारण हुआ।