वक्फ (संशोधन) विधेयक पर विचार कर रही संयुक्त संसदीय समिति (JPC) के चेयरमैन जगदंबिका पाल ने बुधवार को कहा कि समिति ने रिपोर्ट और प्रस्तावित कानून के संशोधित संस्करण (Revised Edition) को बहुमत से स्वीकार कर लिया। विपक्षी सदस्यों ने स्वीकार किए गए विधेयक की कड़ी आलोचना की और कहा कि यह ‘असंवैधानिक’ है और मुसलमानों के धार्मिक मामलों में सरकार के हस्तक्षेप का रास्ता खोलेगा जिस कारण वक्फ बोर्ड खत्म हो जाएंगे। विधेयक को 11 के मुकाबले 15 मतों से मंजूरी दे दी गई।
