Ratan Tata News: साल 2020 में इंफोसिस के कोफाउंडर एनआर नारायण मूर्ति की रतन टाटा के पैर छूते हुए एक तस्वीर वायरल हुई थी। यह भारतीय कॉरपोरेट जगत के सबसे यादगार और ऐतिहासिक पलों में से एक था। नारायण मूर्ति ने टाटा संस के मानद चेयरमैन रतन टाटा को लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड दिया था और फिर उनका आशीर्वाद लेने के लिए वह उनके पैर छूने के लिए झुके। यह देश के दो सबसे सम्मानित उद्यमियों के बीच गहरे आपसी सम्मान का प्रतीक था। टाटा ने इंस्टाग्राम पर इस कार्यक्रम का एक वीडियो शेयर किया था। इसमें उन्होंने कहा था, "एक घनिष्ठ दोस्त नारायण मूर्ति के हाथों TIEcon अवार्ड से सम्मानित किया जाना सम्मान की बात थी"।
रतन टाटा अब हमारे बीच नहीं हैं। बुधवार 9 अक्टूबर को उन्होंने मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में 86 साल की उम्न में आखिरी सांस ली। नारायण मूर्ति ने रतन टाटा को भावुक श्रद्धांजलि दी है।
मनीकंट्रोल को दिए गए एक बयान में, मूर्ति ने कहा, "रतन जैसे प्यारे दोस्त को खोना बहुत दुखद है। रतन वैल्यू-आधारित लीडरशिप के मामले में मेरे लिए एक रोल मॉडल थे। जब भी मुझे नैतिक मुद्दों में कुछ अस्पष्टता और भ्रम होता था, तो मैं उनकी ओर देखता था। वह एक असल नैतिक मार्गदर्शक थे।"
उन्होंने कहा, "वे भारत के भविष्य को लेकर चिंतित थे और युवाओं व उद्यमियों के साथ समय बिताते थे। एक बार मैं अपनी बेटी को उनके पास ले गया। उस वक्त वो कॉलेज में पढ़ती थी। रतन ने उसके साथ तीन घंटे बिताए और धैर्य, जुनून, चिंता और स्पष्टता के साथ उसके हर सवाल का जवाब दिया। उनकी आत्मा को शांति मिले।"
साल 2020 के टाईकॉन कार्यक्रम में मूर्ति ने टाटा को एक मानवतावादी, उद्योगपति, परोपकारी और एक आदर्श सज्जन व्यक्ति बताया, जिन्होंने 'बिजनेस' शब्द को देश में जबरदस्त सम्मान दिलाया। उन्होंने तब कहा था, "उन्हें दुनिया भर के देशों और संस्थानों से अनगिनत सम्मान मिले हैं। वे खुद सम्मानित थे, जैसे आज उन्हें सम्मानित करके टाई ने खुद को सम्मानित किया है।"