दिल्ली के कई बड़े अस्पतालों के रेजीडेंट डॉक्टरों ने आज 17 दिसंबर से हड़ताल शुरू कर दी है। इसमें सफदरजंग, GTB, लोकनायक, RML समेत दिल्ली के कई सभी बड़े अस्पतालों के रेजिडेंट डॉक्टर हड़ताल पर रहेंगे। इस दौरान अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) में हड़ताल नहीं है लेकिन अन्य अस्पतालों में OPD, इमरजेंसी और कोविड वार्ड में ड्यूटी देने से रेजिडेंट डॉक्टरों ने साफ इनकार कर दिया है।
ऐसे में मरीजों की मुश्किलें बढ़ सकती है और इमरजेंसी में गंभीर मरीजों का इलाज मिलना भी मुश्किल हो सकता है। नीट-पीजी (NEET-PG 2021) की काउंसलिंग जल्द कराने की मांग को लेकर फेडरेशन आफ रेजिडेंट डाक्टर्स एसोसिएशन (Federation of Resident Doctors Association - FORDA) ने इस हड़ताल की घोषणा की है।
FORDA) ने बुधवार को केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री (Union health minister) मनसुख मंडाविया (Mansukh Mandaviya) को लिखित में जानकारी दी है कि स्वास्थ्य संस्थानों में रेजीडेंट डॉक्टर इमरजेंसी समेत सभी तरह की सुविधाएं देने से बाहर रहेंगे। यानी ड्यटी पर डॉक्टर्स मौजूद नहीं रहेंगे। एसोसिएशन का कहना है कि सरकार अभी तक NEET-PG 2021 की काउंसलिंग कराने में नाकाम रही है, लिहाजा यह कदम उठाना पड़ा है।
गुरुवार को GTB के रेजिडेंट डॉक्टरों ने नीट पीजी काउंसलिंग में देरी के चलते शुक्रवार सुबह 9 बजे से हड़ताल पर जाने की जानकारी दी है। अस्पताल मैनजमेंट को लिखे पत्र में रेजिडेंट ने साफ तौर पर लिखा है कि वो किसी भी तरह की स्वास्थ्य सेवाओं में हिस्सेदारी नहीं लेंगे। इसके कुछ देर बाद डॉ. राम मनोहर लोहिया अस्पताल, सफदरजंग, लेडी हार्डिंग मेडिकल कॉलेज, मौलाना आजाद मेडिकल कॉलेज और रोहिणी स्थित डॉ. भीमराव आंबेडकर मेडिकल कॉलेज के रेजिडेंट डॉक्टरों ने भी हड़ताल में हिस्सा लेने का ऐलान कर दिया। यहां भी डॉक्टरों ने सभी तरह की मेडिकल सर्विसेज मौजूद नहीं रहने की जानकारी दी है।
मामला सुप्रीम कोर्ट में विचाराधीन
नीट-पीजी में OBC और EWS (आर्थिक रूप से कमजोर) वर्ग के लिए आरक्षण लागू होने के मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट में मामला विचाराधीन है। इस वजह से नीट पीजी की काउंसलिंग स्थगित है। इसकी अगली सुनवाई 6 जनवरी को होगी। लेकिन डॉक्टरों का विरोध पिछले एक महीने से चल रहा है। डॉक्टरों ने पहले 27 नवंबर से हड़ताल शुरू किया था। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय से बातचीत के बाद FORDA ने 9 दिसंबर को एक हफ्ते के लिए हड़ताल टाल दी थी।