दुनिया में जब भी क्रिकेट कॉमेंटेटर्स (Best Cricket Commentators) की बात होती है तो उनमें भारत के स्टार कमेंटेटर हर्षा भोगले (Harsha Bhogle) का नाम सबसे पहले आता है। क्रिकेट कॉमेंट्री की दुनिया में उन्हें काम करते हुए 40 साल पूरे हो गए हैं। खेल की गहराई से समझ और अलग अंदाज से कॉमेंट्री के चलते क्रिकेट फैंस के बीच हर्षा भोगले काफी मशहूर हैं। उन्होंने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर हाल ही में एक पोस्ट के जरिए अपने करियर के शुरुआती दिनों की कहानी बताई है। हर्षा भोगले ने खुलासा किया है कि क्रिकेट कॉमेंटेटर्स की शुरुआत साल 1883 में हुई थी। अपने इंस्टाग्राम पोस्ट में उन्होंने बताया कि कमेंटेटर के तौर पर उन्हें पहला ब्रेक कब मिला था।
भोगले ने पुराना दस्तावेज शेयर करते हुए लिखा, 'आज से 40 साल पहले इसी दिन मुझे अपना पहला ODI अनुभव मिला था। मुझे आज भी वो युवक याद है, जो अवसरों की तलाश में था। और DD-हैदराबाद प्रोड्यूसर ने उसे ये मौका दिया। मैच से एक शाम पहले मैं साधारण टी-शर्ट पहनकर रोलर पर बैठा और पर्दा उठाने का काम कर रहा था। अगले दिन मेरे पास दो कॉमेंट्री स्टिंट्स थे। अगले 14 महीनों में मुझे दो और ODI एवं एक टेस्ट मैच पर कॉमेंट्री करने का अवसर मिला। मैं इसके लिए हमेशा आभारी रहूंगा।'
हर्षा भोगले ने अपनी कॉमेंट्री डेब्यू की जो पे स्लिप शेयर की है, उस पर सबसे ऊपर में 'दूरदर्शन' लिखा हुआ है। पे स्लिप के अनुसार, भोगले को छह घंटे के कमेंट्री सेशन के लिए 350 रुपये का भुगतान किया गया था। यह पे स्लिप 5 सितंबर 1983 का है। यह भारत और पाकिस्तान के बीच 10 सितंबर 1983 को खेले गए वनडे मैच के दौरान की है। हैरानी की बात यह है कि इस इन्विटेशन स्लिप को हर्षा भोगले ने अभी तक संभाल कर रखा हुआ है।
हर्षा भोगले को क्रिकेट कमेंटेटर के तौर पर 40 साल पूरे होने पर उनके फैंस ने बधाई दी है। उन्होंने बीते कुछ सालों में कई मुकाबलों में शानदार कॉमेंट्री की है, जो आने वाले कई वर्षों तक लोगों के जहन में ताजा रहेंगी। इस पोस्ट पर क्रिकेट फैंस के लगातार रिएक्शन आ रहे हैं। एक यूजर ने कमेंट करते हुए लिखा, "क्रिकेट की दुनिया में सबसे बेहतरीन भारतीय कहानीकार। आपने क्रिकेट सुनना आनंददायक और दिलचस्प बना दिया।" एक अन्य व्यक्ति ने लिखा, "आप एक प्रेरणा हैं सर।"