Jeff Bezos' Blue Origin Mission: जेफ बेजॉस की स्पेस कंपनी ब्लू ओरिजिन ने अपने स्पेस टूरिज्म बिजनेस को एक बार फिर शुरू किया है। इससे पहले सितंबर 2022 में इसका न्यू शेफर्ड रॉकेट गिर गया था जिसके बाद से इसने कोई मिशन नहीं शुरू किया था। अब इसने रविवार 19 मई को 6 लोगों को न्यू शेपर्ड रॉकेट से स्पेस भेजा है। इन 6 लोगों में से एक आंध्र प्रदेश के गोपी थोटाकुरा भी रहे। इसके साथ ही राकेश शर्मा के बाद अंतरिक्ष जाने वाले वह दूसरे भारतीय बन गए। इससे पहले करीब 40 साल पहले भारतीय सेना के विंग कमांडर राकेश शर्मा अंतरिक्ष पहुंचे थे। हालांकि गोपी जेफ बेजोस के ब्लू ओरिजिन के एनएस -25 मिशन पर एक पर्यटक के रूप में अंतरिक्ष में जाने वाले पहले भारतीय बन गए।
गोपी पायलट और आंत्रप्रेन्योर हैं। ब्लू ओरिजिन के मिशन में गोपी के अलावा अमेरिकी एयरफोर्स के पूर्व पायलट एड ड्वाइट (Ed Dwight), फ्रांसीसी क्राफ्ट ब्र्यूरी ब्रैसेरी मॉन्ट ब्लैंक की फाउंडर सिल्वियन शिरॉन, वेंचर कैपिटल फर्म इंडस्ट्रियस वेंचर्स के फाउंडर मैसन एंजल, रिटायर्ड पब्लिक अकाउंटेंट कैरोल शॉलर और सॉफ्टवेयर इंजीनियर केनेथ हीस भी अंतरिक्ष गए। यह रॉकेट टेक्सास की एक साइट से भेजा गया था। इसमें एड ड्वाइट 90 साल के हैं और इससे पहले उन्हें वर्ष 1961 में अमेरिकी राष्ट्रपति जॉन कैनेडी ने 1961 में दुनिया के पहले अश्वेत अंतरिक्ष यात्री के रूप में प्रशिक्षित करने के लिए चुना था, लेकिन वह कभी अंतरिक्ष जा नहीं पाए थे। अब वह एक पर्यटक के तौर पर गए लेकिन उन्हें स्पेस से जुड़ी गैर-लाभकारी और एक प्राइवेट फाउंडेशन ने स्पांसर किया था और बाकी ने तो अपना पेमेंट किया था।
Gopi Thotakura के बारे में
गोपी ने फ्लोरिडा की एम्ब्री-रिडल एरोनॉटिकल यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएशन और दुबई की एमिरेट्स एविएशन यूनिवर्सिटी में एविएशन मैनेजमेंट की पढ़ाई की है। उन्होंने गाड़ी चलाने से पहले विमान उड़ाना सीख लिया था। वह एक इंटरनेशनल मेडिकल जेट पायलट के रूप में काम कर चुके हैं। कॉमर्शियल जेट के अलावा गोपी बुश, एरोबेटिक और सीप्लेन, ग्लाइडर और हॉट एयर बैलून भी उड़ाते हैं। वह हार्ट्सफील्ड-जैक्सन अटलांटा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पास स्थित विश्व स्तरीय हेल्थ सेंटर 'प्रिजर्व लाइफ' के को-फाउंडर हैं। गोपी एडवेंचर के शौकीन हैं और उन्होंने हाल ही में तंजानिया के माउंट किलिमंजारो ज्वालामुखी की भी चढ़ाई की थी।